कासगंज में डीएम को ज्ञापन सौंपते ब्राह्मण कल्याण सभा के पदाधिकारी।
सोरोंजी। ब्राह्मण कल्याण महासभा ने संस्कृत विद्यालय में नगर पालिका द्वारा बनवाए सार्वसनिक शौचालय और ट्यूबवेल लगाने का विरोध किया है। महासभा के पदाधिकारियों का कहना है कि इनके बनने से विद्यालय पर में बेवजह अव्यवस्था बढ़ेगी। उन्होंने पालिका के द्वारा कराए जा रहे अनावश्यक निर्माण के प्रति आक्रोश जताते हुए इसे हटवाने की मांग की है। महासभा की ओर से इस संंबंध में जिलाधिकारी को ज्ञापन भी सौंपा गया है। ब्राह्मण कल्याण सभा संस्थापक अध्यक्ष शरद कुमार पांडे ने बताया कि दो वर्ष पूर्व भवन निर्माण का शिलान्यास तत्कालीन जिलाधिकारी ने किया किया था। इस दौरान 11 सदस्य वाले ट्रस्ट का गठन भी हुआ था। पदेन जिलाधिकारी ट्रस्ट के अध्यक्ष रहेंगे जबकि पदेन नगर पालिकाध्यक्ष ट्रस्ट के सचिव रहेंगे। पदेन सदस्य के रूप में ईओ नगर पालिका, पाठशाला के प्रधानाचार्य के अलावा सात अन्य गणमान्य लोग सम्मिलित किए गए हैं। ट्रस्ट गठन के बाद पाठशाला को संपूर्णानंद संस्कृत विद्यालय द्वारा मान्यता मिली। इसके बाद उत्तर मध्यमा तक कक्षाएं संचालित होने लगीं। अब पाठशाला की भूमि पर नगर पालिका ने तीन ट्यूबवेल और सार्वजनिक शौचालय का निर्माण विद्यालय के क्रीड़ास्थल पर कराया गया है। उनका कहना है कि यह कार्य अतिक्रमण की श्रेणी में है। ब्राह्मण कल्याण सभा ने अतिक्रमण हटाकर पाठशाला के क्रीड़ास्थल में यज्ञशाला बनवाने और सौंदर्यीकरण कराने की मांग की है। इस दौरान सौरभ उपाध्याय, धनदीप शर्मा, पारस दीक्षित, राहुल शर्मा, सोमदत्त पाठक, शिव बेंदेल, अभिषेक वशिष्ठ, अंशुल रामलोटा कन्हैया रामलोटा आदि मौजूद रहे।