कासगंज। जिले में बच्चों को पोषित करने में लापरवाही हो रही है। अक्तूबर माह से महिला एवं बाल विकास पुष्टाहार विभाग को पोषाहार की आपूर्ति नहीं हुई है। इससे 2445 आंगनबाड़ी केंद्रों पर इनका वितरण नहीं हो पा रहा। जिले के 8990 बच्चे कुपोषित, अतिकुपोषित श्रेणी में हैं।शासन से आंगनबाड़ी केंद्रों के माध्यम से छह माह से छह साल तक के बच्चों, गर्भवती महिलाओं, धात्री महिलाओं को पोषाहार उपलब्ध कराया जाता है। आयुवर्ग के हिसाब से पोषाहार की व्यवस्था है। 2445 केंद्रों से 266523 लाभार्थियों को योजना का लाभ मिलता है। इनमें 32880 गर्भवती व धात्री महिलाएं हैं। 233643 बच्चों को योजना का लाभ मिलता है। सरकार की संस्था से पोषाहार की सप्लाई दी जाती है। इसे आंगनबाड़ी केंद्रों के माध्यम से बच्चों, गर्भवती महिलाओं धात्री महिलाओं को उपलब्ध कराया जाता है। संस्था के माध्यम से पोषाहार की आपूर्ति समय से नहीं होने के कारण बच्चों और महिलाओं को इसका वितरण नहीं हो पाता है। अक्तूबर से केंद्रों पर पोषाहार का वितरण नहीं हो रहा है।आरती बताती हैं कि तीन माह पहले बच्चे को जन्म दिया है। चार माह से पोषाहार नहीं मिला है। आंगनबाड़ी कार्यकर्ता पोषाहार नहीं आने की बात कहती है। सुधा का कहना हैं कि वह चार माह की गर्भवती है। परिवार की स्थिति अच्छी नहीं है। चार माह से पोषाहार नहीं मिला है। डाक्टर ने खून की कमी बताई है।