कासगंज के भरगैन मार्ग पर गड्ढे।
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कासगंज। शासन ने मुख्यमंत्री की प्राथमिकता वाले बिंदु गड्ढामुक्त सड़कों की हकीकत का पता लगाने के लिए खास प्रयोग किया है। इसके तहत चालकों, परिचालकों की रिपोर्ट से सड़क के गड्ढों को ‘मरहम’ लगेगा।
दरअसल शासन ने गड्ढा मुक्त अभियान की हकीकत की पड़ताल करने की जिम्मेदारी परिवहन निगम के चालकों और परिचालकों को सौंपी है। यह विभिन्न रूटों पर गड्ढों व जर्जर सड़कों की लंबाई के साथ ब्योरा इकट्ठा कर रहे हैं। जिले में अब तक हुई पड़ताल में 8 मार्गों की 123 किलोमीटर सड़क जर्जर मिली है। इन सड़कों में तमाम गड्ढे हैं। निगम के स्थानीय अधिकारियों ने अब तक की रिपोर्ट निगम मुख्यालय भेज दी है। लोक निर्माण विभाग को आईना दिखाती यह रिपोर्ट यहां से शासन को जाएगी।
जिले में पटियाली, धुमरी, भरगैन, सिढ़पुरा, अमांपुर, गंजडुंडवारा सहित कई मार्ग जर्जर हैं। मुख्यमंत्री के गड्ढा मुक्ति अभियान के बावजूद सड़कें गड्ढामुक्त नहीं हो सकीं। रोडवेज बसों के चालकों और परिचालकों ने गड्ढों की हकीकत की फोटो के साथ रिपोर्ट तैयार की है। इस रिपोर्ट के आधार पर लोक निर्माण विभाग के सड़कों के गड्ढामुक्त करने की अभियान की समीक्षा होगी। गड्ढों को भरने की कार्रवाई की जाएगी। यह पड़ताल अब भी जारी है।
8 मार्गों का हाल खराब, 123 किलोमीटर है जर्जर
चालकों और परिचालकों ने कई मार्गों पर गड्ढों और जर्जर जगहों के फोटो लिए हैं। इनमें आठ मार्ग सबसे अधिक जर्जर हैं। यह लगभग 123 किलोमीटर क्षतिग्रस्त हैं।