कासगंज। घर परिवार को बेहतर ढंग से संचालित करने वाली आधी आबादी ने अब सामाजिक दायित्वों के निर्वाहन का बीड़ा उठाया है। 60 महिलाएं इस समय चूल्हा चौका छोड़कर निकायों की सेहत सुधारने के लिए विकास का एजेंडा लेकर चुनावी समर में उतरी हैं। ये महिलाएं सभी 10 निकायों में अपनी किस्मत आजमा रही हैं।
वर्ष 2017 का निकाय चुनाव महिलाओं को राजनीतिक पहचान बनाने के लिए अच्छा रहा। आरक्षण में महिलाओं के हिस्से में पांच सीटें आईं, लेेकिन उन्होंने दो कदम आगे बढ़ते हुए सात सीटों पर जीत का ताज पहना।
इस बार चार सीटें महिलाओं के लिए आरक्षित हैं। जिसमें से एक अनुसूचित जाति महिला, एक पिछड़ी जाति महिला, दो सामान्य महिला सीट शामिल है। जिले में इस बार निकाय चुनाव में 101 प्रत्याशी अपनी किस्मत आजमा रहे हैं। इन प्रत्याशियों में 60 महिलाएं है। ये महिलाएं अपनी आरक्षित सीट पर ही नहीं बल्कि जिले की सभी सीटों में चुनाव मैदान में हैं।
कासगंज से चुनाव मैदान में उतरीं 11 महिलाओं में एक निवर्तमान चेयरमैन, एक पूर्व चेयरमैन रह चुकी हैं। सोरों से चुनाव में उतरने वाली तीनों महिलाएं पहली बार चुनाव लड़ रही हैं। गंजडुंडवारा से चुनाव लड़ने वाली एक महिला प्रत्याशी पहली बार चुनाव लड़ रही है। बिलराम नगर पंचायत से चुनाव लड़ रही 12 महिलाओं में से एक निवर्तमान चेयरमैन रह चुकी हैं। मोहनपुर में तीनों महिलाएं पहली बार किस्मत आजमा रही है। भरगैन से दोनों महिलाएं पहली बार किस्मत आजमा रही हैं। सिढ़पुरा से चुनाव लड़ रही तीन महिलाओं में एक निवर्तमान चेयरमैन रह चुकी हैं। पटियाली से चुनाव लड़ रही सभी 11 महिलाएं पहली बार चुनाव मैदान में हैं। सहावर नगर पंचायत से चुनाव लड़ रहीं 10 महिलाओं में एक निवर्तमान चेयरमैन है। एक उम्मीदवार की मां पटियाली से विधायक रह चुकी हैं। अमांपुर से चुनाव लड़ रहीं चार महिलाओं में एक ही ऐसी है जिन्होंने पिछला चुनाव लड़ा था।
जिले की निकायों से चुनाव मैदान में उतरने वाली महिलाएं आंकड़े की नजर से
नगर पालिका कासगंज- सामान्य महिला आरक्षित- 11
नगर पालिका सोरोंजी- अनारक्षित. 3
नगर पालिका गंजडुंडवारा- अनारक्षित-1
नगर पंचायत पटियाली- ओबीसी महिला- 11
नगर पंचायत सिढ़पुरा- अनारक्षित-3
नगर पंचायत बिलराम एससी महिला- 12
नगर पंचायत सहावर- सामान्य महिला-10
नगर पंचायत भरगैन- अनारक्षित- 2
नगर पंचायत मोहनपुर- अनारक्षित-3
नगर पंचायत अमांपुर- अनारक्षित -4