सोरोंजी में लहरा की तलहटी से निकलती कांवड़ियों की टोली ।
सोरोंजी (कासगंज)। सावन मास लगने से पहले ही कांवड़ियों की टोलियां लहरा घाट से गंगाजल भरकर ले जाने लगी हैं। बम बम भोले के जयकारे लगाते हुए कांवड़ियों की टोलियां अपूर्व उत्साह के साथ रवाना हुई। राजस्थान और मध्यप्रदेश के दूरदराज जिलों से कांवड़ियां मंगलवार सुबह ही तीर्थनगरी आ गए थे। तीर्थपुरोहितों की बहियों में नाम दर्ज कराने के बाद कांवड़ियों ने हरि की पौड़ी के पवित्र जल में स्नान कर शूकर क्षेत्र की परिक्रमा की। क्षेत्राधीश वराह मंदिर सहित अन्य प्रमुख मंदिरों में दर्शन किए। कांवड़ मेले से कांवड़ सजाने का सामान खरीदने के बाद लहरा घाट पहुंचकर कांवड़ सजाई। गंगा मैया का पवित्र जल रखकर पूजन किया। बुधवार तड़के ही लहरेश्वर मंदिर में मत्था टेककर कांवड़ यात्रा लेकर टोलियां निकल पड़ीं। 750 किलोमीटर की यात्रा पर निकली एक 15 सदस्यीय कांवड़ियों की टोली सावन मास की चौदस तिथि यानी 21 जुलाई को अपने गांव के शिवालयों में गंगाजल से अभिषेक करेगी। यह टोली मध्यप्रदेश के जनपद अशोक नगर की तहसील चंदेरी के ग्राम देवलखो से आई थी।