तीर्थनगरी मथुरा के मांट थाना क्षेत्र में यमुना एक्सप्रेसवे पर चेकिंग के दौरान थाना मांट पुलिस को बड़ी सफलता हाथ लगी। आबकारी टीम के साथ शराब पकड़ने के लिए वाहनों की तलाशी के दौरान नोएडा की तरफ से आ रही लग्जरी कार को रोका। कार में मिठाई और प्लास्टिक के डिब्बों में 11 किलो से अधिक के सोने के आभूषण मिले।
दस्तावेज न दिखाए जाने पर जीएसटी सहित अन्य टीमों को जांच के लिए बुलाया गया। जीएसटी विभाग ने सोने को जब्त कर कोषागार में जमा करा दिया है। इसकी कीमत करीब 10 करोड़ रुपये बतायी जा रही है। सोने से बने आभूषणों को दिल्ली से जिला देवरिया लेकर जाया जा रहा था। टीमें मामले की जांच कर रही हैं।
सोमवार देर रात मांट पुलिस और आबकारी विभाग की संयुक्त टीम जाबरा टोल प्लाजा पर चेकिंग अभियान चला रही थी। इसी दौरान नोएडा की तरफ से आ रही एक कार को रोका। इसमें मिठाई और प्लास्टिक के डिब्बे रखे हुए थे। तलाशी ली तो डिब्बों में 11 किलो 387 ग्राम सोने के आभूषण मिले।
पुलिस ने कार सवार दिल्ली के शंकरपुर निवासी विवेक गुप्ता एवं बिहार के सिवान जनपद के चौक बाजार निवासी रमेश से पूछताछ की तो वे कुछ नहीं बता सके। उनके पास इस संबंध में कोई दस्तावेज भी नहीं मिला। सूचना पर क्षेत्राधिकारी गुंजन सिंह थाना मांट पहुंच गईं।
पूछताछ में युवकों ने बताया कि वे स्वर्णकार हैं। दिवाली और धनतेरस के लिए यह आभूषण दिल्ली से जिला देवरिया लेकर जा रहे थे। पुलिस ने मामले की जानकारी जीएसटी विभाग के अधिकारियों को दी। टीम के साथ मौके पर पहुंचे असिस्टेंट कमिश्नर करतार सिंह ने सोने को जब्त कर सील कर दिया।
करतार सिंह ने बताया कि सोने को मथुरा कोषागार में जमा करा दिया है। अगर कोई कागजात नहीं मिलता हैं तो दोनों युवकों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। वहीं मांट थाना प्रभारी निरीक्षक राजीत वर्मा ने बताया कि जीएसटी और आयकर विभाग की टीमें मामले की जांच कर रही हैं।
निकाला जाएगा टंच
असिस्टेंट कमिश्नर करतार सिंह ने बताया कि पकड़े गए सोने के आभूषणों से टंच निकालकर जांच के लिए भेजा जाएगा। इसके बाद पता लगेगा कि यह सोना कितने कैरेट का है। मामले में लखनऊ से अधिकारी पुलिस एवं जीएसटी के अधिकारियों से पल-पल की जानकारी लेते रहे। निर्देश दिए कि पूरे मामले की वीडियोग्राफी कराई जाए।