कासगंज। महिलाओं और युवतियों में वाहन चलाने का क्रेज बढ़ा है। हर मार्ग पर दोपहिया और चार पहिया वाहन चलाती महिलाएं व युवतियां मिल जाएंगी। हालांकि ड्राइविंग लाइसेंस बनवाने में उनकी रुचि नहीं है। लाइसेंस बनवाने में उनकी अरुचि का अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि इस वर्ष सिर्फ 77 महिलाओं ने ड्राइविंग लाइसेंस बनवाए हैं।भाग-दौड़ भरी जिंदगी में महिलाओं और युवतियों को नौकरी पेशा और अन्य कार्यों के लिए वाहनों को चलाने की आवश्यकता हो रही है। इसके कारण महिलाएं वाहन चलाना सीख रही हैं। हर मार्ग पर महिलाएं दोपहिया से लेकर चार पहिया वाहनों को दौड़ाती हुई दिखती हैं। स्कूटी उनकी खास पसंदीदा है। शहरों ही नहीं कस्बाई क्षेत्रों में भी महिलाओं में वाहनों को चलाने को लेकर रुचि बढ़ी हैं। ग्रामीण क्षेत्र से युवतियां पढ़ने, बाजार से खरीदारी करने सहित अन्य कार्यों के लिए स्कूटी से आती हैं। इनमें बड़ी संख्या में महिलाएं ऐसी होती हैं जिनके पास ड्राइविंग लाइसेंस नहीं हैं। पिछले साढ़े चार वर्ष में मात्र 835 महिलाओं के ही ड्राइविंग लाइसेंस बने हैं।