मैनपुरी। स्वास्थ्य विभाग झोलाछापों को हर प्रकार के उपचार के लिए छूट दे रहा है। यही कारण है कि गर्भपात जैसे मामले के आरोपियों पर भी कार्रवाई नहीं की जा रही है। बरनाहल में आठ दिन पहले वायरल हुए मामले में नोटिस जारी कर विभाग कार्रवाई करना भूल गया है। आरोपी महिला ने अपनी दुकान फिर से शुरू कर दी है।
सीएमओ डॉ. राजीव राय को सोशल मीडिया के माध्यम से 13 जून को एक वीडियो प्राप्त हुआ था। इस वीडियो में एक महिला गर्भपात कराते हुए दिखाई दे रही थी। यह वीडियो कस्बा बरनाहल का बताया गया था। सीएमओ डॉ. राजीव राय के आदेश पर 14 जून को जिला प्रतिरक्षण अधिकारी डॉ. राकेश कुमार जांच के लिए पहुंचे थे। जांच अधिकारी को झोलाछाप महिला अपना पंजीकरण नहीं दिखा सकी थी। इसके बाद महिला को तीन दिन में जवाब दिए जाने के लिए नोटिस थमाया था। संतोष जनक जवाब न मिलने पर तीन दिन बाद एफआईआर कराने की चेतावनी दी गई थी। लेकिन विभाग आठ दिन बीत जाने के बाद भी महिला पर कार्रवाई कराने नहीं पहुंचा है।
विभाग की लापरवाही का फायदा जिले के झोलाछाप आए दिन उठा रहे हैं।
पैथोलॉजी संचालकों ने भी नहीं दिया जवाब
14 जून को बरनाहल पहुंचे जिला प्रतिरक्षण अधिकारी डॉ. राकेश कुमार ने शाक्य पैथोलॉजी और न्यू शाक्य पैथोलॉजी के बोर्ड लगे देखे थे। यहां पैथोलॉजी जांच का कार्य भी चल रहा था। जब वे इन दुकानों पर पहुंचे तो यहां के संचालक दुकान छोड़कर भाग गए। यहां नोटिस चस्पा कर पैथोलॉजी के पंजीकरण के संबंध में तीन दिन के अंदर जरूरी अभिलेख उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए थे। इन आरोपियों ने भी अभी तक विभाग को कोई जवाब नहीं दिया है और विभाग ने इनके विरुद्घ भी कोई कार्रवाई नहीं की है।
-
आरोपी महिला ने कोई जवाब नहीं दिया है। महिला के खिलाफ एफआईआर कराई जाएगी। आज बारिश हो रही है वरिष्ठ लिपिक नहीं है उनके आते ही एफआईआर कराई जाएगी।
डॉ. राकेश कुमार, जिला प्रतिरक्षण अधिकारी