लखनऊ। एसजीपीजीआई में अब डायलिसिस कराना है तो मरीज और उसके साथ तीमारदार को कोरोना निगेटिव होने की रिपोर्ट दिखानी होगी। तीमारदार एक ही हो सकता है। यह रिपोर्ट एक दिन पहले की होनी चाहिए। तभी मरीज को एंट्री मिलेगी। स्क्रीनिंग में भी विशेष एहतियात बरती जाएगी। अमेठी निवासी मरीज डायलिसिस के बाद कोरोना पॉजिटिव पाया गया जिसके बाद व्यवस्था को सख्त कर दिया गया है। एसजीपीजीआई में 1 जून को अमेठी निवासी मरीज की डायलिसिस हुई थी। उस वक्त उसने खुद के कोरोना निगेटिव होने की पुरानी रिपोर्ट दी थी। डायलिसिस के 2 दिन बाद उसे बुखार और अन्य तरह की समस्याएं हो गईं। जब जांच हुई तो उसकी रिपोर्ट पॉजिटिव आई। इस पर अमेठी से एसजीपीजीआई को शुक्रवार शाम सूचना दी गई। सूचना मिलने के बाद यहां की डायलिसिस यूनिट को सैनिटाइज कराया गया। वहीं डायलिसिस करने वाले तीन कर्मचारियों को क्वारंटीन कर दिया गया। इसके बाद डायलिसिस सहित अन्य यूनिट में आने वाले मरीजों की स्क्रीनिंग सख्त कर दी गई। इंदिरा गांधी नेत्र चिकित्सालय को भी कराया सैनिटाइज इंदिरा गांधी नेत्र चिकित्सालय को भी सैनिटाइज कराया गया है। अस्पताल को 1 दिन के लिए बंद रखा गया। यहां पर आए उन्नाव निवासी एक मरीज के दो दिन बाद पॉजिटिव पाए जाने के बाद ये कदम उठाए गए।