आईजी सुजीत पांडे ने छह कप्तानों को जारी किए हैं निर्देश
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आईजी सुजीत पांडे ने जोन के आठ में से छह जिलों के कप्तानों को पुलिस चेकिंग गंभीरता से कराने के लिए कड़ी चेतावनी दी है। खत भेजकर कहा है कि इसमें ढिलाई मिलने पर सीधे उनकी जिम्मेदारी मानी जाएगी। साथ ही पिछले पांच सालों में चिह्नित किए गए संवेदनशील क्षेत्रों और उनमें किए गए सुरक्षा इंतजाम का ब्योरा तलब किया है।
पुलिस सूत्रों ने बताया कि आईजी ने आगरा रेंज के आगरा, मथुरा, मैनपुरी, फीरोजाबाद और अलीगढ़ रेंज के अलीगढ़ तथा हाथरस में चेकिंग का स्वयं मुआयना किया है। इसी के बाद इन सभी जिलों के कप्तानों को खत जारी किया गया है।
इन जनपदों में चेकिंग के दौरान ढिलाई सामने आई थी। बता दें, दिवाली से चार दिन पहले कराई गई चेकिंग के दौरान आठ सीओ दफ्तर में बैठे मिले थे। उन्हें पहले ही चेतावनी जारी की जा चुकी है। अब कप्तानों को खत लिखा गया है। आगरा में तो बैरियर लगाकर चेकिंग कराने और वारदात के बाद नाकाबंदी का प्लान आईजी ने स्वयं बनाकर दिया था। इसके बावजूद इसे लागू करने में पुलिस ने ढिलाई बरती।
एक के बाद एक कई लूट हो जाने के बाद दिवाली पर सतर्कता बरती गई लेकिन पिछले दो दिन से फिर पुरानी कहानी दोहराई जा रही है। बैरियर लगे हैं लेकिन पुलिसकर्मी नदारद है।
लूट के खुलासे में भी पुलिस फिसड्डी
आगरा। दिवाली से पहले सुरक्षा का अलर्ट डीजीपी की ओर से जारी किया गया था। बावजूद इसके ताजनगरी में लूट की पांच घटनाएं हुईं। इनमें से सिर्फ एक का ही खुलासा हुआ है। वह भी अधूरा। पुलिस ने राइटर सेफ गार्ड कंपनी के कर्मचारियों से हुई 13 लाख की लूट में एक बदमाश गिरफ्तार किया। इसके अतिरिक्त अभी तक कोई केस नहीं खुल पाया है। इनमें कमला नगर में सराफ दुमुल जिंदल को सात गोलियां मारकर कैश और जेवरात से भरा बैग लूट लिया जाना शामिल है। सूर्य नगर के हौजरी कारोबारी ज्ञानचंद मंगलानी से हुई 1.52 लाख की लूट में भी सुराग नहीं मिला है।