मथुरा के थाना नौहझील क्षेत्र के एक गांव में अनुसूचित जाति (एससी) की युवती की आई बारात को दबंगों ने नहीं चढ़ने दिया। ट्रैक्टर-ट्राली लगाकर बारात को रोक दिया गया। सूचना मिलने के बाद मौके पर पहुंची पुलिस की भी दबंगों ने एक नहीं मानी।
दबंगों की दबंगई देख लड़का और लड़की पक्ष के लोग भी डर गए। आखिर में बिना बारात चढ़ाए शादी संपन्न कराई गई। इसके बाद दूल्हा दुल्हन को विदा कराकर ले गया। लड़की पक्ष का कहना है कि थाने में तहरीर दी है, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं की गई।
थाना नौहझील के एक गांव में रविवार को बारात आई थी। गांव में बारात चढ़ रही थी कि इसी बीच ट्रैक्टर-ट्राली पर सवार होकर कुछ लोग मौके पर पहुंच गए और बारातियों से गाली-गलौज करने लगे उन लोगों ने बारात भी को रोक लिया।
पुलिस पर दबंग भारी
माहौल गर्माने लगा तो वधू पक्ष के लोगों ने यूपी 100 पुलिस को फोन किया। नौहझील पुलिस पहुंची तो दबंग उन पर भी भारी पड़ गए। आखिर में बिना बारात चढ़ाए शादी समारोह संपन्न हुआ। दूल्हा नववधू को विदा कराकर ले गया।
दुल्हन के चाचा ने थाना नौहझील में 12 लोगों के खिलाफ तहरीर दी है, पर पुलिस ने मुकदमा दर्ज करने की जहमत तक नहीं उठाई। उधर, इस संबंध में प्रभारी निरीक्षक श्याम सिंह गौतम इस मामले से अनभिज्ञता जता रहे हैं।
बता दें कि जिस गांव में वाल्मीकि समाज की युवती की बारात को चढ़ने नहीं दिया, वो सवर्ण बाहुल्य है। अनुसूचित जाति के लोगों की संख्या कम है। फिलहाल घटना के बाद वाल्मीकि समाज के लोगों में पुलिस के खिलाफ आक्रोश है।