क्योरी गांव के पीड़ित दलित परिवार पर समझौते के लिए दबाव बनाया जा रहा है। उन्हें जान से मारने की धमकी दी जा रही है। पीड़ितों का कहना है कि पुलिस भी यही चाहती है कि वे समझौता कर लें। यही वजह है कि दो बार तहरीर देने पर भी केस दर्ज नहीं किया गया। जब अफसरों ने जवाब तलब किया, तब शनिवार रात दस बजे एफआईआर दर्ज की गई। दो आरोपी हिरासत में ले लिए गए हैं।
बता दें कि गांव क्योरी में शुक्रवार को हलवाई की दुकान पर खरीदारी के दौरान हाथ छू जाने के विवाद में आरोपियों ने वाल्मीकि परिवार को दौड़ा-दौड़ाकर पीटा था। इस दौरान गर्भवती रेखा के पेट पर लात लगने से उसकी तबियत बिगड़ गई थी। उनका आगरा के अस्पताल में इलाज चल रहा है। पुलिस ने इस मामले में दो लोगों को गिरफ्तार किया है।
पीड़ित परिवार के होतीलाल ने बताया कि वह तहरीर देने के लिए तीन बार थाना गया। पहले पुलिस ने कहा बाद में आना, फिर कह दिया कि एसओ साहब क्राइम मीटिंग में गए हैं, उनके आने पर रिपोर्ट दर्ज होगी। इस बीच इस बारे में मीडिया की ओर से अफसरों से सवाल किए गए। तब जाकर रात दस बजे उससे तहरीर ली गई। एसओ पिनाहट थाना ने बताया कि दो आरोपी हिरासत में ले लिए गए हैं।
कड़ी कार्रवाई होगी - एसएसपी
एसएसपी डा. प्रीतिंदर सिंह ने बताया कि पुलिस ने मामला बेहद गंभीरता से लिया है। घटना की सूचना मिलते ही पूछताछ केलिए दो लोग हिरासत में ले लिए गए। तहरीर में देरी के चलते केस दर्ज करने में समय लगा। इस मामले में कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
कार्रवाई न होने पर घेरा थाना
पिनाहट। पुलिस कार्रवाई न होने पर भड़के हिंदूवादी नेता नंदकिशोर वाल्मीकि ने शनिवार को साथियों के साथ पिनाहट थाने का घेराव किया। उन्होंने तहरीर देकर हमले के आरोपी लोगों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की। उन्होंने पुलिस प्रशासन की कार्यशैली पर सवाल उठाते हुए प्रदेश सरकार पर जमकर निशाना साधा। इससे पहले समर्थकों और समाज के लोगों के साथ क्योरी गांव पहुंचे नंदकिशोर वाल्मीकि ने पीड़ित परिवार को ढांढस बंधाया। उन्होंने कहा कि पुलिस और प्रशासन प्रदेश के मंत्री आजम खां की कठपुतली बने हुए हैं। उन्होंने बसपा पर भी निशाना साधा। उधर, क्योरी गांव में पीड़ित परिवार को सांत्वना देने के लिए शनिवार को सपा नेता मनोज कुमार और बसपा के कृष्णमुरारी भी पहुुंचे। उन्होंने आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की।
पहले भी सामने आए छुआछूत के मामले
पिनाहट। थाना पिढ़ौरा क्षेत्र के गांव राटौटी में पांच वर्ष पूर्व दबंगों ने दलितों को मंदिर में नेजा चढ़ाने से रोक दिया था। तब सूचना पर पहुंची पुलिस ने नेजा चढ़वाया था। वहीं, पिनाहट के मोहल्ला धरी में दबंगों ने दीवार लगाकर दलित बस्ती का रास्ता रोक दिया था। तब शिकायत पर पुलिस ने रास्ता खुलवाया था।