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दोहमलावरों ने हाथ पकड़े, तीसरे ने सीने में गोली उतार दी 

Thu, 06 Apr 2017 01:35 AM IST
दोहमलावरों ने हाथ पकड़े, तीसरे ने सीने में गोली उतार दी 
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दोहमलावरों ने हाथ पकड़े, तीसरे ने सीने में गोली उतार दी  - फोटो : अमर उजाला ब्यूरो
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देर शाम के सवा सात बजे का समय रहा होगा। हम दुकान बंद करने की तैयारी कर रहे थे। तभी दो बाइक पर चार लोग आते दिखाई दिए। वे कुछ बातें कर रहे थे। सुनाई नहीं दे रहा था, मगर अहसास हो रहा था कि उनमें गर्मागर्मी हो रही थी। तभी बाइकें रुकी। चारों उतरे। सिर्फ इतना सुनाई दिया, ‘दोबारा बोल, क्या कहा’, । फिर एक ने दूसरे का गिरेबां पकड़ लिया। इसी दौरान कुछ अपशब्द भी बोले गए। उनमें गुत्थम-गुत्था होने लगी। इसी बीच गोली चली। एक युवक ने सिपाही के हाथ पकड़ लिए थे। वह काबू में नहीं आया तो उसकी मदद के लिए एक और आ गया। तीसरे ने उसके सीने से सटाकर गोली मार दी। घायल सिपाही चीखता हुआ भागा, बचाओ... बचाओ... बचाओ। 50 मीटर तक दौड़ा और फिर गिर पड़ा। हमें उस समय मालूम नहीं था कि वह सिपाही है। उसके गिरते ही उसकी जान लेने वाले तीनों युवक एक ही बाइक पर सवार होकर भाग निकले।
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मौका ए वारदात की यह पूरी कहानी पुलिस अफसरों को उन दुकानदारों ने बताई है, जिनके सामने सिपाही अजय यादव की हत्या की गई। मुश्किल से 200 मीटर की दूरी पर इन्होंने हत्या की वारदात देखी है। उन्होंने बताया कि  वे अजय यादव को पहचानते नहीं, पर इतना याद है कि थोड़ी देर पहले ही वह वहां से होकर गुजरा था। पुलिस ने मालूम किया तो पता चला कि पास ही लगे मेले में गया था। वहीं से थाना लौट रहा था। दुकानदारों ने बताया कि  दो बाइकें थी। एक को अजय यादव चला रहा था। उसके पीछे एक युवक बैठा था। दूसरीअपाचे बाइक पर भी दो युवक थे। दोनों बाइकें जब गढ़ी थाना के नजदीक पहुंची, तभी उनमें कहासुनी हुई। यह पता नहीं चला कि क्या बात थी और गोली चलने की नौबत क्यों आ गई? 
दुकानदारों का कहना है कि गोली चलने के बाद डर के मारे वे दुबक गए थे। इससे पहले यह उन्होंने देखा कि बाइक पर सिपाही के पीछे बैठे युवक ने ही सिपाही के हाथ पकड़े थे। दूसरी बाइक पर सवार युवक ने गोली मारी थी। यह नहीं देख पाए कि हमलावर किस तरफ भागे। यह भी नहीं पता चला कि सिपाही से पिस्टल कैसे लूटी ? बाद में पुलिस के पहुंचने पर उन्हें जानकारी हुई कि हमलावर पिस्टल भी लूटकर ले गए हैं?
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मिनट दर मिनट 
- शाम 6:30 बजे : अजय यादव थाना से बाइक पर निकला था।
- रात 7: 15 बजे : गढ़ीथाना के पास उसकी युवकों से कहासुनी हुई।
- रात 7: 18 बजे :  युवकों की कहासुनी गुत्थम-गुत्था में बदल गई।
- रात 7:20 बजे  : सिपाही अजय यादव को सीने पर गोली मारी गई।
- रात 7:22 बजे : यूपी - 100 को फोन पर घटना की सूचना दी गई।
- रात 8:00 बजे : जीजी नर्सिंग होम में सिपाही को मृत बताया गया।
- रात 8:15 बजे : शमसाबाद में घटनास्थल से आस पास कांबिंग शुरू।
- रात 9:00 बजे : अजय यादव केपरिवारीजन जीजी नर्सिंग होम पहुंचे।
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