डा. बीआर अंबेडकर यूनिवर्सिटी के परीक्षा विभाग के वरिष्ठ सहायक सतेंद्र सिंह के हत्यारोपी के बेहद करीब पहुंचकर भी पुलिस उसे गिरफ्तार नहीं कर पाई। हत्यारोपी मैनपुरी के कॉलेज संचालक की लोकेशन मैनपुरी की ही बताई जा रही थी। उसे पकड़ने के लिए घेराबंदी कर ली गई थी। दो टीमों ने डेरा डाल रखा था। बताया जा रहा था कि वह हाथ आने ही वाला है। लेकिन गुरुवार सुबह जानकारी आई कि वह बचकर निकल गया। उसके घर पर ताला लटका है। परिवारीजन भी नहीं मिले हैं।
मायूस होकर पुलिस टीमें आगरा लौट आई हैं। बुधवार को जब कर्मचारी एसएसपी ऑफिस का घेराव करने पहुंचे थे, तब अफसरों को पूरी उम्मीद थी कि हत्यारोपी को जल्द पकड़ लिया जाएगा। तभी उन्होंने कर्मचारियों के सामने इतना बड़ा बयान दे दिया था, ‘सतेंद्र सिंह का हत्यारा पहचान लिया गया है, अब सिर्फ गिरफ्तारी होनी शेष रह गई है।’
पुलिस सूत्रों का कहना है कि शीघ्र गिरफ्तारी की उम्मीद में पुलिस अफसरों ने कर्मचारी यूनियन के नेताओं को उसका नाम भी बता दिया था। उसके कई करीबी हिरासत में ले लिए गए थे। घर और कॉलेज के आस पास पहरा लगा दिया था। उसके छिपने के ठिकाने भी मालूम कर लिए गए थे।
जाल ऐसा बिछाया गया था कि उसका फंसना तय माना जा रहा था लेकिन वह पुलिस से ज्यादा चालाक निकला। बुधवार रात से उसकी लोकेशन मिलनी बंद हो गई। गुरुवार सुबह उसके करीबियों से पता चला कि वह दूर निकल गया है। बता दें, सतेंद्र की हत्या 12 फरवरी की देर शाम की गई थी।
पुलिस ने रात में फिर दी दबिश
एक बार नाकामी मिलने के बाद हरीपर्वत थाना पुलिस ने गुुरुवार की रात आरोपी की तलाश में फिर से दबिश दी। इस बार उसके रिश्तेदारों के घर टीम भेजी गई हैं। मोबाइल भी सर्विलांस पर ले लिए गए हैं। उसके कॉलेज के कई अधिकारियों को पूछताछ के लिए हिरासत में लिया गया है।
सीओ का सिर फोड़ चुका है हत्यारोपी
सतेंद्र सिंह का हत्यारोपी मैनपुरी का कॉलेज संचालक दबंग है। राजनीति में सक्रिय है। उसकी रिश्तेदार ब्लाक प्रमुख चुनाव में बहुत ही कम वोटों से हारी थी। इस चुनाव के दौरान हुए बवाल में उसने सीओ का सिर फोड़ दिया था। उस पर केस दर्ज किया गया, लेकिन गिरफ्तारी नहीं हो पाई।
आज रणनीति बनाएंगे कर्मचारी
कर्मचारी यूनियन के नेताओं ने पुलिस को बुधवार सुबह दो दिन का अल्टीमेटम दिया था। चेतावनी दी थी कि उसके बाद आंदोलन तेज किया जाएगा। शुक्रवार को कर्मचारी नेता विवि में मीटिंग कर आगे की रणनीति तैयार करेंगे।
स्कूटर रुकवाकर मारी थी गोली
पुलिस सूत्रों की मानें तो अभी तक की जांच में यह बात सामने आई है कि कातिल ने सतेंद्र सिंह का स्कूटर रुकवाया था। वह उसे तमंचा दिखाकर धमका रहा था। इसी दौरान कहासुनी होने पर सीने से सटाकर गोली मार दी। हालांकि इस कहानी की सच्चाई उसके पकड़े जाने पर पता चलेगी।