बीआरए यूनिवर्सिटी के वरिष्ठ परीक्षा सहायक सतेंद्र सिंह का हत्यारोपी न पकड़े जाने से बेमियादी हड़ताल पर चल रहे कर्मचारियों का आंदोलन सोमवार से और तेज होगा। सुबह 11 बजे विवि के धरनास्थल पर महासभा बुलाई है। शाम को चार बजे पालीवाल पार्क स्थित वारदात स्थल से शहीद स्मारक तक कैंडल मार्च निकाला जाएगा। मंगलवार को कमिश्नरी का घेराव होगा। इसमें सांसद चौधरी बाबूलाल भी शामिल होंगे। उधर, मानव संसाधन राज्यमंत्री डा. राम शंकर कठेरिया ने पुलिस को तीन दिन का अल्टीमेटम शनिवार की सुबह दिया था। यह समय अवधि सोमवार को समाप्त हो जाएगी। कठेरिया ने मंगलवार को धरना प्रदर्शन की चेतावनी दी है। कर्मचारी नेताओं ने बताया कि महासभा में आगरा विश्वविद्यालय शिक्षक संघ, उत्तरप्रदेश महाविद्यालय शिक्षणेत्तर संघ, सेल्फ फाइनेंस कालेज एसोसिएशन के पदाधिकारी शामिल होंगे। कर्मचारियों का आरोप है कि सियासी दबाव के चलते पुलिस हत्यारोपी को नहीं पकड़ रही है।
‘कालेजों की संबद्धता समाप्त की जाए’
आगरा। कर्मचारी संघ ने हत्यारोपी ओमेंद्र यादव की गिरफ्तारी के साथ ही अब उसके कालेजाें की संबद्धता खत्म करने की मांग उठाई है। विवि प्रशासन को मांग पत्र भेज दिया है। मंगलवार को कमिश्नर को भी ज्ञापन दिया जाएगा। उसके पांच कालेज बताए जा रहे हैं, इसमें बीएड, बीटीसी जैसे कोर्स कराए जाते हैं। कर्मचारी अध्यक्ष अखिलेश चौधरी का कहना है कि पूरा मामला भ्रष्टाचार का है, जिसमें आलाधिकारियों की मिलीभगत है। सतेंद्र को आवाज उठाने की सजा मिली।
विवि ने दबाई फर्जी कालेज की जांच
हत्यारोपी के एक कालेज की शिकायत पांच महीने पहले शासन से की गई थी। आरोप था कि एक ही इमारत में दो कालेजों की मान्यता प्राप्त कर ली गई है। शासन ने इसे गंभीरता से लेते हुए मामले की जांच के निर्देश विवि प्रशासन को दिए थे। सूत्रों का कहना है कि यहां जांच अभी तक पूरी नहीं की गई है।
10 हजार छात्रों का साल होगा बर्बाद
शुल्क जमा न करने वाले 14 कालेजों के छात्र परीक्षा नहीं दे सकेंगे। कालेजों की इस करतूत से 10 हजार से अधिक छात्रों के भविष्य पर बन आई। प्रवेश के वक्त ही छात्रों से परीक्षा शुल्क वसूल लिया जाता है। ऐसे में भविष्य चौपट होने के साथ ही छात्र आर्थिक नुकसान झेलने को भी मजबूर हैं।