आगरा-लखनऊ एक्सप्रेसवे पर डौकी थाना क्षेत्र में गांव नगला बेहड़ के पास शुक्रवार रात हथियारबंद चार बदमाशों ने कानपुर के एक बैंक के कैशियर रामेंद्र सहाय और उनके चालक को लूट लिया। वह अपनी भांजी को डाक्टर को दिखाने परिवार सहित दिल्ली जा रहे थे। कार खराब होने पर पुलिस से मदद मांगी। पुलिस भांजी सहित चार लोगों को बस में बैठाने चली गई। तभी बदमाशों ने वारदात को अंजाम दे दिया। घटना से पुलिस में हड़कंप मच गया।
शारदा नगर, थाना कल्यानपुर, कानपुर निवासी रामेंद्र सहाय भारतीय स्टेट बैंक में कैशियर हैं। रामेंद्र के मुताबिक, उनकी भांजी ऋतंभरा की तबियत खराब थी। शुक्रवार रात को वह ऋतंभरा को दिल्ली स्थित सर गंगाराम अस्पताल में दिखाने ले जा रहे थे। वैगनआर कार से रामेंद्र, पत्नी सरिता, ऋतंभरा के पति मनीष श्रीवास्तव, उनका 12 साल का बेटा रितम और चालक गोविंद निषाद (बृह्मनगर बिठूर, कानपुर नगर) आगरा-लखनऊ एक्सप्रेसवे होते हुए दिल्ली जा रहे थे।
रात दो बजे आगरा शहर से 13.6 किलोमीटर पहले नगला बेहड़ के पास कार खराब हो गई। रामेंद्र ने सौ नंबर पर फोन किया। कुछ ही देर में थाना डौकी पुलिस और पीआरवी पहुंच गई। रामेंद्र ने भांजी की तबीयत खराब होने का हवाला देते हुए उसे दिल्ली की बस में बैठाने के लिए पुलिस से कहा। पीआरवी से पुलिसकर्मी ऋतंभरा, उसके पति, मामी और बेटे को साथ में लेकर नोएडा एक्सप्रेसवे की ओर चले गए। रामेंद्र ने कार सही कराने के लिए हेल्पलाइन नंबर पर फोन किया।
इसी बीच 3.40 बजे चार बदमाश आ गए। उन्होंने हथियार तानकर रामेंद्र और उनके चालक की तलाशी ली। इस दौरान रामेंद्र से दो मोबाइल और पांच हजार रुपये, जबकि गोविंद से एक मोबाइल लूटकर खेतों की तरफ भाग निकले। कार में रखे एक अन्य मोबाइल से गोविंद ने पुलिस को घटना की जानकारी दी। पुलिस ने बदमाशों की तलाश की लेकिन उनका पता नहीं चल सका। इंस्पेक्टर थाना डौकी ने बताया कि पीड़ित की तहरीर पर लूट का मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। आरोपियों की तलाश की जा रही है।