राजपुर चुंगी स्थित रोहित विहार में मंगलवार सुबह करीब छह बजे विवाहिता गीता (26) की जल जाने से मौत हो गई। आरोप है कि उसके ससुरालीजनों ने उसे जलाकर मार डाला। उसे पीटकर आग लगाने के बाद कमरे में बंद कर दिया गया। एफआईआर में उसके पति मोहित, पिता मोहन बाबू और सास तारादेवी को नामजद कराया गया है।
रिपोर्ट में आरोप है कि दहेज में 20 लाख रुपये की डिमांड पूरी न होने पर उसकी जान ली गई है। हाथरस के मोहल्ला मुर्सान निवासी सराफा कारीगर मोतीराम की बेटी गीता की शादी मोहित के साथ तीन मार्च 2014 को हुई थी। मोहित जिम ट्रेनर है।
गीता के भाई पियूष का कहना है कि शादी के बाद से उसे बहुत परेशान किया जा रहा था। वह फोन पर अपनी तकलीफ बताती थी। उसे जरा-जरा सी बात पर पीटा जाता था। उस पर 20 लाख रुपये लाने का दबाव बनाया जा रहा था। मोहित कहता था कि उसे दुकान खोलनी है, पैसा लाना पड़ेगा।
वह नहीं ला सकी तो उसकी हत्या कर दी। उधर, पुलिस ने मोहित के परिवार के कई लोग पूछताछ के लिए हिरासत में लिए गए हैं। इनका कहना है कि उसने खुद ही आग लगाई थी। इसमें घर का सामान भी जल गया। पुलिस ने बताया कि मामले की जांच की जा रही है।