गुजरात से छात्र अबुजर (6) का अपहरण करके लाए हाथरस निवासी दो आरोपी शुक्रवार सुबह आगरा फोर्ट के पास से गिरफ्तार कर लिए गए। दोनों फिल्मी स्टाइल में फिरौती वसूलने की कोशिश में लगे थे। अबुजर की मां से कहा था कि वह चलती ट्रेन से फिरौती की रकम फेंक दे। गुजरात पुलिस सर्विलांस पर उनकी बात सुन रही थी। आगरा पुलिस की मदद से लोकेशन ट्रेस कर दोनों पकड़े लिए गए। दोनों ने पुलिस को बताया कि कर्ज की रकम चुराने के लिए उन्होंने यह अपराध किया।
गिरफ्तार अपराधी गांव रोहई, थाना चंदपा, हाथरस के इकरारा और इब्राहिम हैं। दोनों गुजरात के गांव बिलवन, जिला पाटन में फेरी लगाकर दरी बेचने का काम करते थे। सऊदी अरब में नौकरी करने वाले असरफजई के मकान के पास किराए पर रहते थे। पुलिस ने बताया कि दोनों ने हाथरस के नगलापदू, थाना मुरसान निवासी नहनू उर्फ सुबोध से पौने चार लाख रुपये कर्ज लिया था। इसे चुका नहीं पा रहे थे। इसलिए असरफजई के बेटे अबूजर का 12 जनवरी की सुबह जिला बनासकाटा (गुजरात) स्थित उसकी ननिहाल से अपहरण कर लिया।
इसके बाद ट्रेन से आगरा आ गए। उन्होंने अबूजर की मां जकिया से फोन पर 20 लाख रुपये फिरौती मांगी। इसके बाद रकम घटाकर सात लाख तक पहुंच गए। उनसे कहा कि वे ट्रेन से आगरा आ जाएं। यहां वे बताएंगे कि रकम ट्रेन से बाहर कहां फेंकनी है। उनसे बातचीत चल ही रही थी कि पुलिस ने दोनों को दबोच लिया। एसपी सिटी आरके सिंह बताया कि यह सफलता आगरा और गुजरात पुलिस की संयुक्त कार्रवाई में मिली है।
गुड वर्क
- गुजरात से अपहरण करके लाए थे छह साल का बच्चा अबूजर।
- अपहृत की मां से कहा था, चलती ट्रेन से फेंकना फिरौती की रकम ।
- आगरा और गुजरात पुलिस की संयुक्त कार्रवाई में पकड़े गए दो अपहर्ता।
मेरे पति सऊदी अरब में बंधक हैं
आगरा। बेटे की बरामदगी पर पहुंची जकिया ने बताया कि उनके पति असरफबाई चार महीने पहले सऊदी अरब नौकरी के लिए गए थे। वहां से उन्हें आने नहीं दिया जा रहा है। उनसे घर की सफाई का काम कराया जा रहा है। बच्चे के अपहरण पर भी उन्हें आने नहीं दिया गया। जकिया ने बताया कि उनके दो बच्चे हैं। अबूजर कक्षा एक और बेटी आलेमा कक्षा तीन में पढ़ती है।