आगरा के थाना सदर क्षेत्र का एक युवक साइबर अपराधियों का शिकार बन गया। यूके की युवती बनकर उसको मिलने का झांसा दिया गया। एयरपोर्ट पर कस्टम अधिकारियों के पकड़ने की बात कहकर खाते में 30 हजार रुपये जमा करा लिए गए। जब उसे ठगी का पता चला तो उसके होश उड़ गए।
गांव रजरई निवासी अनुज अग्रवाल एक कंपनी में नौकरी करता है। उन्होंने बताया कि फेसबुक पर युवती रोज स्मिथ के नाम की आईडी थी। 27 सितंबर को युवक की उससे दोस्ती हो गई। उसने खुद को यूके की रहने वाली बताया। इसके बाद अनुजकी फेसबुक मैसेंजर पर बात होने लगी। युवती उससे व्हाट्स एप चैट भी करती थी।
आठ अक्तूबर को युवती ने कहा कि वो उससे मिलने भारत आ रही है। उसके लिए महंगे गिफ्ट भी लेकर आएगी। नौ अक्तूबर को एक कॉल आया। कॉल करने वाले ने कहा कि युवती से बात कर लो। वो मुसीबत में है। इस पर अनुज ने युवती को कॉल किया।
ऐसे जमा कराए रुपये
युवती ने बताया कि वो मुंबई एयरपोर्ट पर है। मगर, कस्टम अधिकारियों ने पकड़ लिया है। सामान लाने की वजह से टैक्स की मांग की जा रही है। उसका डेबिट कार्ड काम नहीं कर रहा है। इस कारण 30 हजार रुपयों की जरूरत है।
इस पर अनुज रुपये जमा करने के लिए तैयार हो गया। उसने फेडरल बैंक के खाते में रकम जमा कर दी। इसके बाद फिर से कॉल आया। इस बार कहा कि युवती तभी जा सकती है, जब वो आतंक विरोधी प्रमाण पत्र लेगी।
इसके लिए 50 हजार रुपये जमा करने को कहा। यह सुनकर अनुज को शक हो गया। उसने रकम जमा नहीं की। शुक्रवार को थाना सदर में तहरीर देकर कार्रवाई की मांग की। मामले की जांच साइबर क्राइम सेल को भेजी गई है।
फेसबुक पर अनजान दोस्तों से रहें सावधान
साइबर एक्सपर्ट दानिश शर्मा के मुताबिक, फेसबुक पर दोस्त बनाते समय सावधानी बरतनी चाहिए। अंजान दोस्त नहीं बनाने चाहिए। इसके अलावा कोई मिलने के लिए रकम की मांग कर रहा है तो उस पर भरोसा नहीं करना चाहिए। विदेशी दोस्तों के एयरपोर्ट पर फंसने का झांसा देने वाले साइबर अपराधी भी हो सकते हैं।