सब्जी व्यापारियों के साथ गुरुवार रात को हुई मारपीट के मामले की चिंगारी शनिवार को शोला बन गई। मारपीट के मामले मे आरोपी हिंदू संगठनों के कार्यकर्ताओं को छुड़ाने की मांग को लेकर प्रदर्शन के दौरान पहले फतेहपुर सीकरी थाने पर जमकर बवाल हुआ। बाद में बवाल के मामले में हिरासत में लिए गए कार्यकताओं को छुड़ाने के लिए थाना सदर बाजार में जमकर बवाल हुआ। फतेहपुर सीकरी में सीओ को थप्पड़ जड़ दिया गया तो थाना सदर बाजार में एक दरोगा की सर्विस रिवाल्वर छीन ली गई। बाइक भी फूंक दी गई। दोनों जगह पथराव हुआ। पुलिस को लाठीचार्ज करना पड़ा।
फतेहपुर सीकरी थाने पर विश्व हिंदू परिषद और बजरंग दल कार्यकर्ताओं पर दर्ज मुकदमा वापस लेने और इंस्पेक्टर को हटाने की मांग को लेकर शनिवार को दिन प्रदर्शन किया गया। इन संगठनों से जुड़े कार्यकर्ताओं ने सीओ अछनेरा रविकांत पाराशर से खींचतान की। आरोप है कि विश्व हिंदू परिषद के प्रांत विद्यार्थी प्रमुख जगमोहन चाहर ने सीओ को थप्पड़ जड़ दिया। इस पर पुलिस ने लाठीचार्ज कर दिया। वहां भगदड़ मच गई। लोगों ने थाने पर पथराव कर दिया। पुलिस ने भी मोर्चा संभाल लिया। दोनों ओर से आधे घंटे तक ईंट-पत्थर फेंके गए। कई लोगों को चोटें आईं। पुलिस ने मौके से छह कार्यकर्ताओं को हिरासत में लिया।
बवाल के मामले में हिरासत में लिए गए कार्यकर्ताओं को पुलिस शहर के थाना सदर बाजार ले आई। रात में हिंदू संगठनों और भाजपा नेताओं को इस बात की जानकारी मिली तो वे सदर बाजार थाने पर पहुंच गए और हंगामा कर दिया। वे कार्यकर्ताओं को छोड़ने का दबाव बना रहे थे। लोगों ने हवालात का ताला तोड़ने का भी प्रयास किया। पहरे पर तैनात सिपाही की राइफल छीन ली। हालांकि, बाद में राइफल लौटा दी गई। लोगों को उग्र होते देख सदर थाने पर अतिरिक्त पुलिसकर्मी बुला लिए गए थे। देर रात तक हंगामा चलता रहा। हालात को संभालने के लिए पुलिस ने यहां भी लाठीचार्ज किया। आक्रोशित लोगों ने पुलिस पर पथराव किया। घर लौट रहे एक दरोगा संतोष कुमार की बाइक में आग लगा दी और उसकी सर्विस रिवाल्वर भी छीन ले गए।
इससे पहले फतेहपुर सीकरी की घटना की सूचना पाकर डीएम गौरव दयाल और एसएसपी डा. प्रीतिंदर सिंह मौके पर पहुंच गए। दूसरी ओर, विधायक चौधरी उदयभान सिंह और सांसद पुत्र राकेश चौधरी भी वहां पहुंचे। उन्होंने अधिकारियों से बात कर प्रदर्शन कर रहे कार्यकर्ताओं पर लाठीचार्ज की निंदा की। साथ ही बवाल के दौरान शनिवार को हिरासत में लिए गए प्रांत विद्यार्थी प्रमुख जगमोहन चाहर, विहिप के सागर चौधरी, जिला गौरक्षा प्रमुख ओमी टीकरी, भाजपा के उदयवीर सिंह, मोनू और हेमेंद्र तिवारी को छोड़ने के लिए कहा। लेकिन अधिकारियों ने आरोपियों को छोड़ने से इनकार कर दिया। थाने के घेराव के दौरान कार्यकर्ताओं की एसपी देहात मंशाराम गौतम और उपजिलाधिकारी निधि गुप्ता से भी तीखी बहस हुई।
क्या है मामला
तेहरा जौताना के निकट गुरुवार रात को सब्जी व्यापारी फूल कुरैशी और रिजवान के साथ कुछ युवकों ने मारपीट की थी। इस मामले में पुलिस ने ओमी टीकरी, संघ प्रचारक विक्रांत फौजदार, मूला चौधरी, विष्णु, पिंटू, रवि, प्रहलाद सहित नौ के खिलाफ लूट और जानलेवा हमले के आरोप में मुकदमा दर्ज किया था। इसी को लेकर हिंदू संगठनों के लोगों में आक्रोश है। उनका कहना है कि विक्रांत घटना के समय मौके पर नहीं थे। पुलिस ने आनन-फानन में गलत मुकदमा दर्ज किया है। शनिवार तकरीबन सुबह 11 बजे से ही विहिप और बजरंग दल के पदाधिकारी और कार्यकर्ताओं ने थाना घेर लिया था। उन्होंने परिसर का घेराव कर प्रदर्शन किया। पदाधिकारी थाना फतेहपुर सीकरी के प्रभारी निरीक्षक विनोद कुमार यादव के निलंबन, कार्यकर्ता और पदाधिकारियों पर दर्ज मुकदमा वापस लेने, दूसरे पक्ष पर मुकदमा दर्ज करने की मांग कर रहे थे।
पुलिस, पीएसी ने किया मार्च
फतेहपुर सीकरी धरना-प्रदर्शन के दौरान लाठीचार्ज के बाद पथराव में पुलिस के कई वाहनों के शीशे भी टूट गए। लोगों ने केनरा बैंक के एटीएम पर भी पथराव किया और शीशे तोड़ डाले। बवाल के दौरान पुलिसकर्मियों समेत कई कार्यकर्ता घायल हो गए। पुलिस ने प्रदर्शन कर रहे लोगों की बाइक जब्त कर ली। बाद में कई थानों की पुलिस व पीएसी ने बाजार में मार्च किया।
दो दिन पूर्व हुई घटना के संबंध में हमने शुक्रवार को ही आश्वासन दे दिया था। इसके बाद भी थाने पर धरना-प्रदर्शन किया गया। शांतिपूर्ण ढंग से वार्ता कर रहे पुलिस अधिकारियों के साथ अभद्रता की गई। इस मामले में दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। छह को हिरासत में ले लिया गया है। पुलिस फोर्स और पीएसी तैनात की गई है।
डा. प्रीतिंदर सिंह, एसएसपी
फतेहपुर सीकरी में कार्यकर्ताओं ने कानून हाथ में लिया है। वे खुलेआम एलान कर रहे थे कि यहां वही होगा, जो हम चाहेंगे। उन्होंने सीओ के साथ हाथापाई, अभद्रता की। थाने पर पथराव किया। तब पुलिस ने उन्हें हटाने के लिए हल्का बल प्रयोग किया है। कुछ लोगों को हिरासत में लिया गया है, उनके खिलाफ कानूनी प्रक्रिया के तहत कार्रवाई की जाएगी।
गौरव दयाल, जिलाधिकारी