मैनपुरी। शादी समारोह में हर्ष फायरिंग पर रोक लगाना प्रशासन के लिए बेहद जरूरी हो गया है। पूर्व में हुई घटनाओं के मद्देनजर अगर समय रहते रोक नहीं लगी तो निश्चित ही किसी दिन बड़ा हादसा हो सकता है। पूर्व में हर्ष फायरिंग की घटनाओं ने कई लोगों ने जान भी गवाई है।
सहालग शुरू होते ही शादियां भी शुरू हो गई हैं। अक्सर शादी समारोह में फायरिंग करने वालों के वजह से रंग में भंग पड़ जाता है। सुप्रीम कोर्ट जहां हर्ष फायरिंग को लेकर गाइड लाइन जारी कर चुका है। वहीं शासन प्रशासन की ओर से भी शादी आदि आयोजन में फायरिंग न कि जाए के आदेश दे चुका है। जिले में पूर्व में हुई कई घटनाएं हुई हैं। जिनमें कई लोगों की जान गई तो कई गंभीर रूप से घायल हुए हैं।
वर्ष 2013 में थाना करहल क्षेत्र के गांव नगला झाल निवासी सोबरन सिंह के पुत्र लालू के तिलक समारोह में हर्ष फायरिंग में शैलेंद्र (28) निवासी अंडनी, उमेश (30) निवासी बेगम थाना करहल तथा समारोह में पूड़ी बनाने गई नसीमा (55) निवासी मोहल्ला मनिहारान करहल घायल हो गए थे।
इसी वर्ष थाना बिछवां क्षेत्र में बारात चढ़ने के दौरान हुई हर्ष फायरिंग की चपेट में आकर दूल्हे का बहनोई अजय बाथम निवासी गांव लखना जनपद इटावा गंभीर रूप से घायल हो गया था। थाना घिरोर क्षेत्र में लोहब लखेड़ा निवासी जयवीर सिंह यादव की पुत्री की बारात में हर्ष फायरिंग के दौरान बैंड कर्मी घायल हो गया था।
थाना करहल के दौलतपुर निवासी मिट्ठू लाल हर्ष फायरिंग के दौरान घायल हो गए थे। थाना कुरावली के सुजरई में डीजे पर डांस करने के दौरान हर्ष फायरिंग में 13 वर्षीय रवींद्र घायल, किशनी थाना क्षेत्र के ग्राम धरमपुर रठेह में हर्ष फायरिंग में चार बाराती घायल हुए थे।
वर्ष 2012 में थाना औंछा क्षेत्र के नगला कन्हई में बारात चढ़ते समय बारातियों द्वारा की गई हर्ष फायरिंग से दुल्हन का भाई सचिन और रिश्तेदार प्रेमपाल घायल हो गए थे। वर्ष 2016 में थाना घिरोर क्षेत्र में हर्ष फायरिंग में दूल्हे एक रिश्तेदार की गोली लगने से मौत हो गई थी।
थाना करहल क्षेत्र में हर्ष फायरिंग के दौरान एक बालक की मौत हुई थी। कोतवाली क्षेत्र में कुरावली रोड स्थित एक मैरिज होम पर नामजद लोगों ने बारातियों के साथ मारपीट कर फायरिंग की थी। इसके अलावा भी कई हर्ष फायरिंग की घटनाएं हुई हैं।
एसपी राजेश एस ने बताया कि शादी समारोह में हर्ष फायरिंग करना पूर्णत: प्रतिबंधित है। यदि कोई फिर भी फायरिंग करता है तो उसके विरुद्ध कड़ी कार्रवाई की जाएगी। सभी मैरिज होम संचालकों को भी हिदायत दी जा चुकी है।
मैरिज होम संचालक अभिषेक तोमर कहते हैं कि समारोह में आने वाले लोगों से असलाह लेकर न आने की बात कही जाती है। मैरिज होम में हर्ष फायरिंग नहीं होने दी जाती है। बुकिंग करते समय यह बात साफ कर ली जाती है। बुकिंग के दौरान नियम व शर्त में भी यह बात शामिल है।