मथुरा। सवा माह पहले पलवल की सीआईए और मथुरा पुलिस की बदमाशों से मुठभेड़ हो गई थी। इसमें 10 हजार के इनामी को मार गिराया गया था और एक बदमाश के पैर में गोली लगी थी। इस मामले में एसपी क्राइम ने सीओ छाता को तलब कर रिपोर्ट मांगी है।
मामले में क्राइम ब्रांच की जांच में पुलिस की लापरवाही उजागर हुई है। पुलिस ने बदमाशों से बरामद की गई कार को दाखिल ही नहीं किया। क्राइम ब्रांच ने इस कार को बाद में दाखिल किया।
16 मई को पलवल की सीआईए 10 हजार के इनामी गांव मीसा थाना चांदहट निवासी सुधीर का पीछा करते हुए कोसीकलां के बठैंन गेट पर पहुंची थी। यहां पर पुलिस और बदमाशों के मध्य मुठभेड़ हुई।
इसमें पुलिस को गच्चा देकर भागे बदमाश कार को नंद गांव के मोतीकुंड पर छोड़कर भाग गए थे। बदमाशों की घेराबंदी में जुटी बरसाना एवं कोसी पुलिस भी नंदगांव पहुंची थी। जिसके बाद बदमाश सुधीर पुलिस को कार में मृत मिला।
दूसरे बदमाश कोसी के गांव नवींपुर के सुखीराम के पैर में गोली लगी थी। फिलहाल सुखीराम जेल में हैं। मुठभेड़ की जांच में क्राइम ब्रांच को लापरवाही मिली। एसपी क्राइम राजेश सोनकर ने बताया कि मुठभेड़ के बाद मिली कार को दाखिल नहीं किया गया।
इसे क्राइम ब्रांच ने दाखिल किया। सीओ छाता योगेश पाठक ने रिपोर्ट मांगी गई है।