कुर्रा (मैनपुरी)। थाना कुर्रा क्षेत्र के गांव भवानीपुर में युवक की हत्या में नामजद आरोपी के दामाद को शनिवार रात ग्रामीणों ने पकड़ने के बाद पुलिस को सौंप दिया। वहां से पुलिस ने उसे भगा दिया। भागने वाला युवक लखनऊ में कांस्टेबल है। वह रात को आरोपियों के घर के बाहर बंधे पशु खोलने आया था।
थाना क्षेत्र के गांव भवानीपुर निवासी सत्यदेव यादव (32) की एक हजार रुपये उधारी के विवाद में शुक्रवार रात को नामजद आरोपियों ने भाले से गोदकर हत्या कर दी थी। इससे पहले आरोपी रक्षपाल व उसके साथियों ने मृतक सत्यदेव के भाई को तलवार मारकर घायल किया था। जब रिपोर्ट दर्ज कराई तो थाना पुलिस ने धाराएं ही बदल दीं। इस पर आरोपी छूट गए थे। पुलिस की इस लापरवाही से ही सत्यदेव की जान गई। सत्यदेव की हत्या के मामले में छोटे भाई की पत्नी सुमन ने रक्षपाल, उसके पुत्र अनीश उर्फ नीलेश, अनिल व दो अज्ञात लोगों के विरुद्ध रिपोर्ट दर्ज कराई है।
बीच शनिवार रात को आरोपी रक्षपाल का बहनोई देवेंद्र जो कि लखनऊ में कांस्टेबल के पद पर तैनात है। रात को आरोपी के घर के बाहर बंधे पशु खोलने आया था। तभी ग्रामीणों ने उसे पकड़ने के बाद पुलिस को सौंप दिया। सूत्रों की मानें तो थाने में उसकी काफी आवभगत की गई। फिर उसे चुपचाप से थाने से भगा दिया गया।
एएसपी ओमप्रकाश सिंह का कहना है कि वह आरोपी के घर के बाहर बंधे पशु देखने आया था। वह कोई आरोपी नहीं था। वह किसी तरह थाने से निकल गया होगा। जांच की जा रही है।