मैनपुरी के थाना बिछवां क्षेत्र के गांव मधुपुरी के पास शनिवार की रात कंटेनर पीछे करने के दौरान हाईटेंशन लाइन से छू गया। एक चिंगारी ने कुछ ही देर में विकराल रूप ले लिया और कंटेनर और उसमें लदे 22 ई-रिक्शा जल गए। मौके पर पहुंचे दमकलकर्मियों कई घंटे मशक्कत के बाद ग्रामीणों के सहयोग से आग पर काबू किया। करीब दो घंटे तक घटनास्थल पर अफरा-तफरी का माहौल बना रहा।
थाना क्षेत्र के गांव मधुपुरी निवासी रंजीत शाक्य ग्रेटर नोएडा से कंटेनर में 22 ई-रिक्शा लादकर भागलपुर बिहार के लिए निकला था। शनिवार की रात को वह गाड़ी लेकर गांव आ गया। गांव के पास पहुंचने पर वह गाड़ी को पीछे कर रहा था। तभी कंटेनर का एक हिस्सा ऊपर से गुजर रहे रही हाईटेंशन लाइन की चपेट में आ गया। लाइन छूते ही कंटेनर में तीव्र करंट प्रवाहित हो गया। आग की लपटें उठता देख चालक ने गाड़ी से कूद कर जान बचाई। चालक कुछ समझ पाता। तब तक कंटेनर आग की लपटों से घिर चुका था। आग लगने की सूचना मिलने के बाद यूपी 112, थाना पुलिस भी मौके पर आ गई। सूचना मिलने के बाद दमकलकर्मी भी मौके पर आ गए और कंटेनर में लगी आग को बुझाने के प्रयास शुरू कर दिए। करीब दो घंटा तक कड़ी मशक्कत के बाद कंटेनर में लगी आग पर पूरी तरह से काबू पाया जा सका। आग में कंटेनर और उसमें लदे 22 ई-रिक्शा जल चुके थे। घटनास्थल पर काफी देर तक अफरा तफरी का माहौल बना रहा।
बैटरी के धमाकों को सुन जागे ग्रामीण
गांव मधुपुरी के पास ई-रिक्शा लदे कंटेनर में हाईटेंशन लाइन की वजह से आग लग गई। आग कुछ ही देर में उसमें नए ई-रिक्शा तक पहुंची। इसके बाद एक के बाद बैटरियों में धमाके होने लगे। रात के समय में बैटरी फटने के धमाकों ने आसपास के ग्रामीणों की नींद खोल दी। धमाकों की वजह जानने के लिए सैकड़ों ग्रामीण घटनास्थल पर पहुंच गए। ग्रामीणों ने भी पुलिस व दमकलकर्मियों का सहयोग किया। चालक का कहना है कि आग में कंटेनर, ई-रिक्शा सहित करीब 80 लाख रुपये का बड़ा नुकसान हुआ है।
उपकेंद्र पर फोन कर बंद कराई बिजली आपूर्ति
ई-रिक्शा लदा हुआ कंटेनर आग की लपटों से घिरा हुआ था। बैटरियां लगातार फट रहीं थीं। किसी भी समय डीजल का टैंक भी फट सकता था। अफरा तफरी के बीच यूपी 112 के कर्मियों ने विद्युत उपकेंद्र पर फोन कर घटना की जानकारी देते हुए लाइन का शटडाउन लिए जाने की बात कही। लाइन कटने के बाद दमकलकर्मियों का राहत कार्य तेजी के साथ शुरू हुआ। लाइन कटने के कुछ देर बाद ही आग पर काबू पाया जा सका।