सीएमओ ने सीएमएस से मांगी प्रैक्टिस करने वाले डॉक्टरों की जानकारी
- तीन दिन में जांच कर जानकारी उपलब्ध कराने के दिए निर्देश
संवाद न्यूज एजेंसी
मैनपुरी। अमर उजाला ने अपने बुधवार के अंक में जिला अस्पताल की पड़ताल करती हुई खबर ''सरकारी अस्पताल में नाम का उपचार, आवास पर चला रहे क्लीनिक'' प्रकाशित की।सीएमओ ने इस खबर को प्रमुखता से लिया है। सीएमओ ने खबर पढ़ने के बाद बुधवार को ही सीएमएस को एक पत्र जारी कर दिया। पत्र में सीएमएस से मामले की जांच कर प्राइवेट प्रैक्टिस करने वाले सरकारी डॉक्टरों की जानकारी मांगी है।
महाराजा तेज सिंह जिला अस्पताल में तैनात विशेषज्ञ चिकित्सक मनमानी कर रहे हैं। वे ओपीडी के समय में ही अस्पताल से गायब होकर अपने आवास पर मरीजों को उपचार देते हुए नजर आते हैं। ओपीडी में अस्पताल आने वाले मरीजों को लगातार परेशानी हो रही है। खबर का संज्ञान लेते हुए सीएमओ डॉ. आरसी गुप्ता ने सीएमएस को पत्र लिखकर कहा है कि पूरे मामले की जांच कराई जाए। तीन दिन के अंदर जांच रिपोर्ट उनके कार्यालय को उपलब्ध कराई जाए। साथ ही डॉक्टरों को निर्देश दिए जाएं कि वे समय से ओपीडी में बैठकर मरीजों को उपचार दें। यदि मरीजों के उपचार में लापरवाही होगी तो संबंधित पर कार्रवाई की जाएगी।
आवास तो नाम का केवल होता है क्लीनिक का संचालन
अमर उजाला की खबर बुधवार को जिला अस्पताल में चर्चा में रही। जिला अस्पताल प्रशासन के ही कुछ लोगों का कहना था कि जिला अस्पताल के एक डॉक्टर साहब आवास पर तो नाम की प्लेट लगाए हुए हैं। आवास में वह केवल अपना क्लीनिक चलाते हैंं वह अपने परिवार के साथ किराये के मकान में रहते हैं। जब तक सरकारी आवास पर मरीज आते रहते हैं वह वहां रुकते हैं और मरीज जाते ही वह अपने किराये के मकान पर चले जाते हैं।
अमर उजाला की खबर का संज्ञान लेते हुए सीएमएस को पत्र जारी कर जांच कर जानकारी देने के निर्देश दिए गए हैं। सभी डॉक्टर अपने कर्तव्य का पालन करते हुए अपनी ड्यूटी पर समय से पहुंचकर मरीजों को उपचार दें।
डॉ. आरसी गुप्ता, सीएमओ