कासगंज। जिले में फर्जी जन्म प्रमाण पत्र तैयार करने वाला रैकेट सक्रिय है। जिला अस्पताल में जांच के लिए पहुंचे दो जन्म प्रमाण पत्र फर्जी पाए गए। इसको लेकर जन्म प्रमाण पत्र के नोडल अधिकारी अब एफआईआर दर्ज कराएंगे।
शुक्रवार सुबह युवक मोहम्मद राशिद अपने बेटे मोहम्मद असद का जन्म प्रमाण पत्र सत्यापित कराने के लिए जिला अस्पताल पहुंचे। जन्म प्रमाण पत्र की जांच कराई गई तो प्रमाण पत्र फर्जी पाया गया। जन्म प्रमाण पत्र पर अंकित क्यूआर कोड भी गलत था। ऐसी स्थित में प्रमाणपत्र की पुष्टि नहीं हो सकी। इसके अलावा दूसरा मामला भी सामने आया। वर्ष 2016 में मनोरमा निवासी कन्नौज के बेटे का जन्म जिले में हुआ था। इससे प्रमाणपत्र की जांच नहीं हो सकी। लगातार दो मामले सामने आने पर स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी भी भौंचक्के रह गए और उन्हें शहर में फर्जी जन्म प्रमाण पत्र बनवाने वाले रैकेट के सक्रिय होने की आशंका हुई। सीएमएस डाॅ. संजीव कुमार ने जन्म एवं मृत्यु प्रमाण पत्र के नोडल अधिकारी को मामले की जानकारी देते हुए एफआईआर दर्ज कराने को कहा। सीएमएस ने बताया कि नोडल अधिकारी मामले में एफआईआर दर्ज कराएंगे। दोनों ही प्रमाण पत्र लोकवाणी केंद्र पर बनवाए गए थे।