जालौन जेल में बंद फतेहाबाद के जिला पंचायत सदस्य दिलकेश वर्मा को मंगलवार को बी वारंट पर पुलिस आगरा ले आई। उसे जालौन पुलिस ने चोरी के एक मामले में गिरफ्तार कर जेल भेजा था। उसके खिलाफ थाना फतेहाबाद में धोखाधड़ी सहित अन्य आरोप में मुकदमा दर्ज है। उस पर एसएसपी के नाम पर 80 हजार रुपये वसूलने का आरोप है। इसकी विवेचना पुलिस कर रही है।
फतेहाबाद थाने में दर्ज हुआ था मुकदमा
दिलकेश वर्मा फतेहाबाद के गांव पारौली का रहने वाला है। आठ मई को दिलकेश के खिलाफ धोखाधड़ी, अमानत में खयानत, चौथ मांगने और धमकी की धारा में मुकदमा दर्ज हुआ था। इसमें आरोप लगाया गया था कि आत्महत्या के लिए दुष्प्रेरित करने के मुकदमे में से आरोपी का नाम निकलवाने के नाम पर 80 हजार रुपये वसूल किए थे। कहा था कि एसएसपी से करीबी संबंध हैं। रकम उन तक पहुंचाई जाएगी। मगर, नाम नहीं निकल सका। इस पर पीड़ित ने एसएसपी से शिकायत की। बयान दर्ज कराने के बाद थाना फतेहाबाद में मुकदमा दर्ज कराया गया। इस पर वो फरार हो गया।
चोरों को शरण देने पर हुई गिरफ्तारी
उधर, सराफ के घर चोरी के मामले में जालौन पुलिस ने चोरों का गैंग पकड़ा था। उनको शरण देने के आरोप में जिला पंचायत सदस्य को जेल भेज दिया गया था। थाना फतेहाबाद के प्रभारी एसएसआई आरएन सिंह ने बताया कि आरोपी के खिलाफ कोर्ट से बी वारंट लिया गया था। जालौन जेल में बी वारंट तामील कराया गया। मंगलवार को पुलिस टीम उसे आगरा ले आई। उसे जिला जेल में दाखिल कर दिया गया। आरोपी को रिमांड पर लिया जाएगा। इसके लिए कोर्ट में प्रार्थना पत्र देंगे।