मथुरा। जनपद के 25 बूथों की ईवीएम और वीवीपैट के मतों का मिलान मतगणना के दौरान किया जाएगा। जिले में प्रत्येक विधानसभा से इसके लिए पांच बूथों की ईवीएम और वीवीपैट लिए जाएंगे। यह बूथ कौन से होंगे, इसका चयन प्रेक्षक सहित सभी प्रत्याशियों की मौजूदगी में आकस्मिक रूप से उसी दौरान किया जाएगा।
ईवीएम की विश्वसनीयता पर उठ रहे सवालों के बीच उच्चतम न्यायालय के आदेश पर भारत निर्वाचन आयोग ने प्रत्येक विधानसभा क्षेत्र के पांच-पांच बूथों की ईवीएम और वीवीपैट में पड़े मतों का मिलान कराने के आदेश दिए हैं। भारत निर्वाचन आयोग ने इसके लिए जिला निर्वाचन अधिकारी डीएम मथुरा सर्वज्ञराम मिश्र को दिशा निर्देश भेज दिए हैं। इसमें कहा गया है कि मतगणना स्थल पर प्रत्याशियों की मौजूदगी में यह प्रक्रिया अपनाई जाए।
इसके लिए प्रत्येक विधानसभा से पांच बूथ चयनित किए जाए। उक्त बूथ की ईवीएम में पड़े मत और वीवीपैट में पड़े मतों की गिनती के बाद मिलान किया जाए। बूथ चयनित करने का कार्य मतगणना के दौरान ही प्रेक्षक और सभी प्रत्याशियों की मौजूदगी में किया जाए। जनपद की पांच विधानसभा में 25 बूथ की ईवीएम इसमें शामिल होंगी।
गौरतलब रहे कि मथुरा में लोकसभा चुनाव के द्वितीय चरण में 18 अप्रैल को मतदान हुआ है। इस दौरान अनेक मतदान केंद्रों पर ईवीएम खराब होने की शिकायतें तो दर्ज हुई हैं, लेकिन ऐसा कोई आरोप नहीं सामने आया जिसमें कहा गया है कि इस पार्टी को डाला गया वोट उस पार्टी के खाते में चला गया है। जिला निर्वाचन अधिकारी सर्वज्ञराम मिश्र ने बताया कि भारत निर्वाचन आयोग के दिशा निर्देशों के तहत ईवीएम और वीवीपैट के मतों का मिलान कराया जाएगा।