जीएसटी के डिप्टी कमिश्नर उमाशंकर विश्वकर्मा ने मंगलवार की देर शाम टीम के साथ घिरोर चौराहे की एक आयरन एजेंसी पर पहुंचकर सर्वे किया। अभिलेखों का मिलान करके एजेंसी संचालक से मौके पर ही 4.60 लाख रुपया जमा कराया। संचालक को अपना पक्ष रखने के लिए अभिलेखों सहित बुलाया गया है।
जीएसटी के डिप्टी कमिश्नर मंगलवार की देर शाम करहल में घिरोर चौराहे के पास स्थित सतीश आयरन स्टोर पहुंचे। दस्तावेजों की जांच पड़ताल कर एजेंसी के अभिलेखों के आधार पर अब तक जमा नहीं हुए 4.60 लाख की जीएसटी जमा कराई। घिरोर चौराहे के पास स्थित सतीश आयरन स्टोर पर सरिया, सीमेंट बेचने का काम होता है। डिप्टी कमिश्नर जीएसटी उमाशंकर विश्वकर्मा के नेतृत्व में पहुंची टीम ने एजेंसी पर अभिलेखों की जांच की। दस्तावेजों की जांच के बाद 4.60 लाख की देनदारी निकली जिसे मौके पर जमा कराया गया।
डिप्टी कमिश्नर ने बताया कि आयरन और सीमेंट सेक्टर से सरकार को कम राजस्व मिल रहा है। राजस्व बढ़ाने के लिए सरिया, सीमेंट के व्यापार में लगे व्यापारियों पर विभाग की विशेष नजर है। एसी एसआईबी आशीष मिश्रा, एसी सचल दल विजय बहादुर, राज्य कर अधिकारी सर्वेश कुमार, आशीष चक मौजूद रहे।