मथुरा। गोविंदनगर के लक्ष्मीनगर खादर में शुक्रवार को खेत पर ट्यूबवेल के गड्ढे की खोदाई करते वक्त गिरी मिट्टी की ढाय में दो चचेरे भाई दब गए। 22 फीट गड्ढे में दबे भाइयों को जिंदा निकालने के लिए पुलिस और नगर निगम ने 4.30 घंटे का रेसक्यू चलाया, पर नाकामी ही हाथ लगी। दोनों भाइयों की मौत हो चुकी थी। होली पर परिवार में दो लोगों की मौत से क्षेत्र में कोहराम मच गया। लोगों की खुशियां मातम में बदलगईं।
थाना गोविंदनगर के गांव लक्ष्मीनगर निवासी केशव (18) पुत्र रामगोपाल और हरीबाबू (15) पुत्र ब्रजो चचेरे भाई थे। शुक्रवार को दोनों भाई ट्यूबवेल के गिरे जलस्तर को बढ़ाने के लिए गड्ढा खोद रहे थे। दोनों के माता-पिता 22 फीट गड्ढे में नीचे खोदी जा रही मिट्टी को ऊपर खड़े होकर बाल्टी से खींच रहे थे। तभी दोपहर करीब 12:30 बजे मिट्टी की ढाय गिरने से दोनों भाई उसमें दब गए। दोनों के माता-पिता की चीख-पुकार सुनकर आसपास खेतों पर काम कर रहे ग्रामीण दौड़ पड़े ।
सूचना पाकर पुलिस और प्रशासन के अलावा नगर निगम की टीम भी आ गई। आधा दर्जन जेसीबी से पुलिस और नगर निगम की टीमों ने रेसक्यू चलाया। दोपहर एक बजे से शुरू हुआ रेसक्यू शाम पांच बजे बाद खत्म हुआ। 4.30 घंटे बाद दोनों कोे निकाला जा सका पर, दोनों भाइयों की मौत हो चुकी थी। सीओ सिटी प्रीति सिंह ने बताया कि दोनों चचेरे भाइयों की ढाय में दबने से मौत हुई है।