मांट (मथुरा)। मौसम खराब होने के बाद से किसान अब आलू खोदाई में जुट गया है। किसानों का कहना है कि मौसम में हुए अचानक बदलाव से आलू को सुरक्षित करना जरूरी है अन्यथा तेज धूप आलू की चमक और क्वालिटी को खराब कर सकती है। उधर, खेतों से किसान का आलू खरीदने के लिए कारोबारियों की भीड़ लगी है।
आलू की फसल इस बार पिछले वर्ष की अपेक्षा 20 प्रतिशत क्षेत्रफल में कम है। इस बार पैदावार भी कम निकल रही है। सर्दियों में कोहरा कम पड़ने से आलू को पूरा फुलाव नहीं हो सका है। आलू पैदावार कम होने के कारण इन स्थितियों का लाभ उठाने के लिए कारोबारी इस बार बड़े पैमाने पर आलू खरीदने के लिए किसानों के पास खेत पर पहुंच रहे हैं।
किसानों से संपर्क कर खेतों से ही आलू को खरीदा जा रहा है। कई वर्ष बाद पहला मौका है जब खेतों से किसान का आलू खरीदने के लिए कारोबारियों में होड़ लगी है। वर्तमान में एक ग्रेड के आलू की कीमत 500 रुपये प्रति बोरा है। जिन किसानों के आलू की क्वालिटी अच्छी है, उन्हें अधिक मूल्य मिल रहा है। आलू की कम हो रही पैदावार ने शीत गृह स्वामियों को भी चिंता में डाल दिया है क्योंकि पैदावार कम होने कारण आलू से शीतगृह भर नहीं पाएंगे।