मथुरा। ग्रेटर नोएडा स्थित बिरला इंस्टीट्यूट ऑफ मैनेजमेण्ट एंड टेक्नोलॉजी बिमटेक मार्च के प्रथम सप्ताह में मथुरा के जिला कारागार में बंदियों के लिए पुस्तकालय स्थापित करने जा रहा है। राज्य की जेलों में स्थापित किए गए पुस्तकालयों में यह 7वां पुस्तकालय होगा।
बिमटेक के निदेशक हरिवंश चतुर्वेदी ने बताया बिमटेक अपनी सीएसआर विंग बिमटेक फ ाउंडेशन एवं रंगनाथ सोसायटी फ ॉर वेलफेयर एंड लाइब्रेरी डेवलपमेंट के साथ मिलकर यह कार्य कर रहा है। संस्था का मानना है कि सजायाफ्ता कैदियों एवं विचाराधीन बंदियों के लिए पुस्तकें ही सच्ची मार्गदर्शक सिद्ध हो सकती हैं। चतुर्वेदी ने बताया डीआईजी जेल रहे शरद कुलश्रेष्ठ के सहयोग से गाजियाबाद की डासना जेल में पहला पुस्तकालय स्थापित किया गया था।
उसके बाद तो प्रतिवर्ष एक पुस्तकालय की स्थापना की जा रही हैं। इसमें 5 लाख की कीमत की धार्मिक, साहित्यिक, कथा-कहानी, इतिहास, नैतिक शिक्षा, प्रेरक महापुरुषों की जीवनियों से संबंधित पुस्तकें दी जाती हैं। पुस्तकों की कैटालॉगिंग के लिए कंप्यूटर, सॉफ्टवेयर, आलमारी आदि इन्फ्र ास्ट्रक्चर उपलब्ध कराता है।
मथुरा जिला कारागार अधीक्षक शैलेंद्र मैत्रये ने बताया कि पुस्तकालय स्थापना की अनुमति प्राप्त करने सहित सभी तैयारियां हो गईं हैं। जेलर अरविंद पाण्डेय ने बताया पुस्तकालय संचालन के लिए लंबी सजा काट रहे साहित्य प्रेमी कैदियों को रखरखाव का प्रशिक्षण देने के लिए चयन किया जा रहा है।