सबसे ज्यादा 24 ग्रैंड स्लैम खिताब जीतने वाली ऑस्ट्रेलियाई महिला खिलाड़ी मार्ग्रेट कोर्ट के एक बयान ने टेनिस जगत में खलबली मचा दी है। उन्होंने ऑस्ट्रेलिया के क्रिस्चियन रेडियो को दिए इंटरव्यू में कहा, टेनिस समलैंगिकों से भरा पड़ा पड़ा है। ईसाई धर्म प्रचारक बन चुकी 74 वर्षीय कोर्ट ने कहा कि ट्रांसजेंडर बच्चे शैतानी ताकतों का नतीजा हैं। कोर्ट ने कहा, मैं जब खेलती थी उस दौर में तब केवल एक लेसबियन कपल था। लेकिन उस जोड़ी ने युवाओं को पार्टियों और इन चीजों में शामिल कर लिया।
उन्होंने कहा हम ऐसे लोगों के खिलाफ नहीं हैं हम उनकी मदद करने के लिए हैं। उन्होंने यह प्रतिक्रिया उस सवाल के जवाब में दी जिसमें उनसे पूछा गया था कि वो ट्रांसजेंडर एथलीट्स के बारे में क्या सोचती हैं और भविष्य में खेल की दुनिया में इसके क्या मायने हैं। इससे पहले भी उन्होंने एक विवादित बयान दिया था। कोर्ट ने कहा, जब तक संभव होगा वो कैंटस एयरवेज में सफर नहीं करेंगी क्योंकि वह समलैंगिक विवाह का समर्थन करता है।
इसके बाद यह मांग उठी कि मेलबर्न कोर्ट ने मार्गेट कोर्ट एरीना का नाम बदल देना चाहिए। इस विवाद में ऑस्ट्रेलियाई प्रधानमंत्री मैलकम टर्नबुल ने कहा, कोर्ट का नाम उनकी टेनिस के क्षेत्र में उपलब्धियों के कारण उनके नाम पर रखा गया है। इसलिए कोर्ट का नाम नहीं बदला जाएगा। गौरतलब है कि ऑस्ट्रेलियन ओपन का खिताब 11 बार जीतने वाली मार्गेट कोर्ट के नाम पर साल 2003 में ऑस्ट्रेलियन ओपन के वेन्यू का नाम पर मार्गेट कोर्ट एरीना रखा गया था।