दुनिया के नंबर-1 टेनिस खिलाड़ी नोवाक जोकोविच ने वीजा रद्द होने के मामले में केस जीत लिया है। मेलबर्न के कोर्ट ने सुनवाई के बाद ऑस्ट्रेलियाई सरकार के उस फैसले को गलत माना, जिसमें जोकोविच का वीजा रद्द कर दिया गया था। कोर्ट ने आदेश दिया है कि नोवाक जोकोविच का पासपोर्ट सहित जो भी सामान सरकार जब्त किया गया है, उसे तुरंत वापस लौटाया जाए। वीजा रद्द होने के बाद जोकोविच चार दिन तक आव्रजन विभाग के होटल में थे। जोकोविच पर कोरोना वैक्सीन नहीं लगवाने का आरोप है, जबकि ऑस्ट्रेलिया में इसको लेकर सख्त कानून हैं।
अब जोकोविच के केस जीतने के बाद उनका ऑस्ट्रेलियन ओपेन में खेलना लगभग तय हो चुका है। इसके बावजूद ऑस्ट्रेलिया सरकार के एक मंत्री ने कहा है कि सरकार के पास अभी भी जोकोविच को ऑस्ट्रेलिया से बाहर भेजने का आधिकार है और इस बारे में जल्द ही फैसला लिया जाएगा।
क्या है पूरा मामला
जोकोविच ने अब तक कोरोना की वैक्सीन नहीं लगवाई है। वहीं ऑस्ट्रेलिया में वैक्सीन को लेकर नियम सख्त हैं। जोकोविच ने मेडिकल परेशानी की हवाला देते हुए कहा कि वो फिलहाल वैक्सीन नहीं लगवा सकते। इस आधार पर उन्हें ऑस्ट्रेलियन ओपन में खेलने की छूट मिल गई थी, लेकिन जोकोविच के ऑस्ट्रेलिया पहुंचने के बाद उनसे मेडिकल परेशानी के सबूत मांगे गए। यहां पर उनकी तरफ से कहा गया कि 16 दिसंबर को ही उन्हें कोरोना हुआ था। ऐसे में वो फिलहाल वैक्सीन नहीं लगवा सकते। इसके बाद उन्हें एयरपोर्ट में ही रोक लिया गया और उनका वीजा रद्द कर दिया गया।
जोकोविच ने वीजा रद्द करने के फैसले को कोर्ट में चुनौती दी और सुनवाई के बाद अदालत ने जोकोविच को सही ठहराया। अब उनके सारे कागज लौटाए जाएंगे और ऑस्ट्रेलियन ओपेन में उनके खेलने का रास्ता लगभग साफ हो चुका है। हालांकि ऑस्ट्रेलियाई सरकार अभी भी उन्हें देश से बाहर भेजने पर अड़ी हुई है।
जोकोविच ने किया था वैक्सीन का विरोध
पिछले वर्ष ही जोकोविच ने वैक्सीन का खुलकर विरोध किया था। उन्होंने एक फेसबुक चैट के दौरान कहा था कि वह वैक्सीनेशन के खिलाफ हैं। उन्हें यह पसंद नहीं कि टेनिस खेलने के लिए कोरोना का टीका लगवाना पड़े। यह उनका व्यक्तिगत मामला है। इसका टेनिस से कोई लेना-देना नहीं। हालांकि, टीका नहीं लगवाने की वजह नहीं बताई थी।
टूर्नामेंट के लिए टीकाकरण जरूरी
विक्टोरिया प्रदेश सरकार ने 17 जनवरी से शुरू हो रहे ऑस्ट्रेलियन ओपन में सिर्फ उन्हीं खिलाड़ियों, अधिकारियों और दर्शकों को प्रवेश की अनुमति दी है जिन्हें कोरोना के दोनों टीके लग चुके हैं। 34 साल के जोकोविच फिलहाल पुरुषों की रैंकिंग में पहले स्थान पर हैं। उन्होंने अपने करियर में 20 ग्रैंडस्लैम समेत कुल 84 खिताब जीते हैं। उनके पास कुल 1154 करोड़ रुपये की इनामी राशि है।