भूपति ने कहा, 'मुझे मिस्टर चटर्जी का सोमवार को फोन आया जिन्होंने कहा कि रोहित को मेरी जगह कप्तान बनाया जा रहा है, क्योंकि मैं पाकिस्तान नहीं जाना चाहता। हालांकि मुझे पाकिस्तान से कोई दिक्कत नहीं, लेकिन नहीं जाना चाहता।'
उन्होंने लिखा, 'सोमवार के बाद से या आईटीएफ के फैसले के बाद से एआईटीए ने मुझसे संपर्क नहीं किया। लिहाजा मैं उपलब्ध हूं, क्योंकि मेरा मानना है कि मैं अभी भी कप्तान हूं।' बतौर गैर खिलाड़ी कप्तान भूपति का कार्यकाल दिसंबर 2018 में खत्म हो गया था और उन्हें इस साल फरवरी में कोलकाता में इटली के खिलाफ मैच तक कार्यकाल में विस्तार दिया गया था।
पाकिस्तान टेनिस महासंघ (पीटीएफ) ने बुधवार को भारत के खिलाफ डेविस कप मुकाबले को तटस्थ स्थल पर कराने के आईटीएफ के फैसले के खिलाफ अपील करने का निर्णय किया। पीटीएफ ने कहा कि विश्व संचालन संस्था और भारतीय टेनिस महासंघ ने इस कदम से अपना दर्जा गिरा दिया है। अंतरराष्ट्रीय टेनिस महासंघ (आईटीएफ) ने सोमवार को अखिल भारतीय टेनिस संघ (एआईटीए) द्वारा इस्लामाबाद में उठाई गई सुरक्षा की चिंताओं पर सहमति जताते हुए 29 और 30 नवंबर तक होने वाले मुकाबले को वहां से हटा दिया।
पीटीएफ अध्यक्ष सलीम सैफीउल्लाह ने पीटीआई से कहा, 'इस फैसले पर आज हमारी बैठक हुई और हमने अपील कल (गुरूवार को) आईटीएफ भेजने का फैसला किया। यह दुर्भाग्यपूर्ण है। लेकिन जीवन चलता रहता है। हम इसके खिलाफ अपील कर रहे हैं और यह हमारा अधिकार है। हम आईटीएफ से इस फैसले पर दोबारा विचार के लिये और इसका आयोजन इस्लामाबाद में करवाने की अनुमति के लिए कह रहे हैं।'
उन्होंने कहा, 'कोई आतंकवाद नहीं है, कोई युद्ध नहीं है और न ही कोई प्राकृतिक आपदा है। पता नहीं भारतीय किस कारण चिंतित हैं। हर दिन हजारों भारतीय पाकिस्तान आ रहे हैं। केवल टेनिस खिलाड़ी यहां नहीं आना चाहते। यह (मुकाबला) चुटकुला बन गया है। आईटीएफ और भारतीय महासंघ दोनों ने अपना दर्जा गिरा दिया है।'