सीबीआई की विशेष अदालत की ओर से अजय चौटाला को 10 साल की सजा सुनाए जाने के बाद खेल मंत्रालय ने खेलों में अपराधियों की एंट्री बंद करने का मन बना लिया है। इसके लिए मंत्रालय की ओर से जल्द ही स्पोर्ट्स बिल में संशोधन किया जाएगा। इतना ही नहीं मंत्रालय कुछ दिनों में ही अजय चौटाला को टेबल टेनिस फेडरेशन ऑफ इंडिया के अध्यक्ष पद से इस्तीफा देने को भी कहेगा।
खेल मंत्रालय के उच्च पदस्थ सूत्रों के मुताबिक स्पोर्ट्स बिल में जल्द से जल्द संशोधन कर यह प्रस्ताव रखा जाएगा कि सजा पाए किसी भी व्यक्ति को खेल संघों के चुनाव में खड़े होने का अधिकार नहीं होगा। ऐसा होने पर खेल संघों का संचालन अदालत की ओर से दोषी करार दिए जा चुके व्यक्ति नहीं कर सकेंगे।
मंत्रालय के उच्चाधिकारियों के दिमाग में यह बात चौटाला को अदालत की ओर से सजा सुनाए जाने के बाद आई है। हालांकि स्पोर्ट्स बिल को अब तक कैबिनेट से मान्यता नहीं मिली है। लेकिन अदालत के पिछले आदेशों का सहारा लेकर इस संशोधन को खेल संघों पर लागू जरूर कराया जा सकता है।
यही नहीं अब तक मंत्रालय की ओर से किसी भी खेल संघ के अध्यक्ष को अपने पद से इस्तीफा देने को नहीं कहा गया है। नियमानुसार मंत्रालय को यह कहने का अधिकार भी नहीं है। लेकिन सूत्रों का कहना है कि आचार संहिता के तहत मंत्रालय चौटाला को टीटीएफआई अध्यक्ष पद छोड़ने को कहेगा।
खेल मंत्री जितेंद्र सिंह मंत्रालय के अधिकारियों की इस राय से सहमत हैं। हालांकि मंत्रालय चौटाला को पद छोड़ने के लिए बाध्य नहीं कर सकता है। लेकिन वह पद पर बने रहते हैं तो मंत्रालय फेडरेशन की आर्थिक मदद रोकने का कदम जरूर उठा सकता है। टीटीएफआई के चुनाव भी मई माह में होने हैं।