बुद्ध इंटरनेशनल सर्किट (बीआईसी) में आज से शुरू होने वाली एफ-1 रेस में रफ्तार के नए रिकॉर्ड कायम हो सकते हैं। पिछले साल की सर्वाधिक रफ्तार 324.2 किमी प्रति घंटे रिकॉर्ड की गई थी। लेकिन इस बार सर्किट में हुए विभिन्न बदलाव और टीमों द्वारा किए गए तकनीकी विकास के बाद इस रिकॉर्ड के टूटने की संभावना प्रबल हो गई है। पिछले साल क्वालीफाइंग सत्र में स्यूडेरिया टॉरो रोसो के ड्राइवर जैमे एल्गूएरसुआरी की कार की स्पीड ट्रैप ने टॉप स्पीड 324.2 केएमपीएच थी। आइए देखते हैं विभिन्न टीमों द्वारा इस बार अपनी कारों में क्या बदलाव किए गए हैं।
रेडबुल रेनॉल्ट आरबी8 कार के बदलाव
डबल डीआरएस: ड्रैग रिडक्शन सिस्टम (डीआरएस) या एडजेस्टेबल रियर विंग के जरिए कॉकपिट में बैठे-बैठे ही ड्राइवर रियर विंग की प्रीसेट दो सेटिंग्स में से एक चुन सकता है। यह बदलाव पिछले सप्ताह सुजूका जापान में हुई रेस के दौरान सामने आया। टीम द्वारा बड़ी होशियारी से इसे कार में सेट किया गया। इसकी वजह से कार के रियर विंग के केंद्र में मौजूद 15 सेंटीमीटर के एयरोडायनेमिक से रहित हिस्से में हवा का तेज प्रवाह होता है। इसकी वजह से कार के बिना अतिरिक्त डाउनफोर्स के ज्यादा तेज रफ्तार दर्ज की गई।
नया फ्रंट विंग: लंबे नोजकोन और नए फ्लैप्स के जरिए ज्यादा डाउनफोर्स संभव। कहा जाता है कि इसके जरिए तेज रफ्तार में ड्रैग को कम किया जा सकता है।
नए ब्रेक डिस्क एंड डक्ट्स: नए ब्रेक डिस्क में 1000 से ज्यादा होल्स (छेद) हैं। इसमें एक कतार में पांच होल हैं। सीईआर नाम के नए मैटेरियल से बनी यह डिस्क रेस के बाद केवल एक मिलीमीटर घिसती हैं। जबकि पूर्व में इस्तेमाल होने वाले सीसीआर डिस्क रेस के दौरान चार मिलीमीटर तक घिस जाते थे। साथ ही कूलिंग बढ़ाने के लिए नए ब्रेक डक्ट्स लगाए गए हैं।
फरारी कार के बदलाव
रियर विंग मॉडीफिकेशन: एंड प्लेट के बॉटम (निचले हिस्से) में लगी वर्टिकल ग्रिल्स और टॉप प्लेट में बदलाव किए गए हैं। क्षैतिज (हॉरिजोंटल) ग्रिल्स अब पूर्णतया सीधी नहीं हैं बल्कि मेन प्लेट और लीडिंग एज के बीच में थोड़ी तिरछी है। इससे पूर्व में भी वे रियर विंग में बदलाव कर चुके हैं।
न्यू फ्रंट विंग: इसमें फ्रंट विंग के बिल्कुल बाहरी हिस्से के नजदीक कास्काडे फ्लैप्स और तिकोने फिन भी जोडे़ गए।
मर्सडीज (कोआंडा एग्जॉस्ट्स): मर्सडीज द्वारा नए कोआंडा एग्जॉस्ट्स की लॉन्चिंग के बाद इसका इस्तेमाल किया गया। इसके जरिए हवा का प्रवाह डिफ्यूजर के पास होता है और डाउनफोर्स बढ़ता है।
लोटस (रियर विंग): पिछले हिस्से में दो ड्राइवर्स द्वारा कुछ रद्दोबदल किए गए, जिसमें एंडप्लेट में तीन डायगनल ग्रिल्स को हटा दिया गया था।