भारतीय निशानेबाजों ने आईएसएसएफ जूनियर विश्व कप में स्वर्णिम सफर जारी रखा है। चैंपियनशिप के छठे दिन सर्बजोत सिंह ने 10 मीटर एयर पिस्टल में 239.6 अंकों के साथ पीले तमगे पर निशाना लगाया।
सुहल में चल रहे आईएसएसएफ जूनियर विश्व कप में गुरुवार को 17 साल के सर्बजोत सिंह ने गोल्ड अपने नाम किया। यह सर्बजोत का पहला वर्ल्ड कप मेडल है। इसी के साथ टूर्नामेंट में भारत के नौ स्वर्ण पदक हो गए हैं। टीम इतने ही रजत और चार कांस्य सहित कुल 22 पदक जीतकर तालिका में शीर्ष पर बनी हुई है।
इस साल के शुरू में ताओयुवान में एशियाई चैंपियनशिप में इस स्पर्धा का स्वर्ण पदक जीतने वाले सरबजोत फाइनल में जगह बनाने वाले एकमात्र भारतीय थे। उन्होंने क्वालीफिकेशन दौर में 575 का स्कोर बनाकर पांचवें स्थान पर रहकर फाइनल में प्रवेश किया।
आठ निशानेबाजों के फाइनल में 17 वर्षीय सर्बजोत शुरू में तीसरे और चौथे स्थान पर रहे लेकिन सातवें शॉट के बाद उन्होंने अच्छा प्रदर्शन किया। उनका चीन के अपने प्रतिद्वंद्वी के साथ कड़ा मुकाबला चला और आखिर में भारतीय निशानेबाज दो अंक के अंतर से स्वर्ण पदक जीतने में सफल रहा। चीन के निशानेबाजों ने रजत और कांस्य पदक जीते।
इससे पहले बुधवार को अनीश भानवाला ने अपना दूसरा गोल्ड मेडल जीता। अनीश ने 25मीटर रैपिड फायर पिस्टल इवेंट में गोल्ड हासिल किया। वहीं 14 वर्षीय ईशा सिंह ने महिलाओं की 10 मीट एयर पिस्टल इवेंट में सिल्वर मेडल अपने नाम किया।