वर्ल्ड यूथ चैंपियन सचिन सिवाच बहमास में संपन्न कॉमनवेल्थ यूथ गेम्स में गोल्ड पदक जीतने वाले एकमात्र भारतीय मुक्केबाज रहे।
पिछले साल वर्ल्ड यूथ में गोल्ड मेडल जीतने वाले सिवाच ने कॉमनवेल्थ यूथ गेम्स में बॉक्सिंग की लाइट फ्लाईवेट (49 किग्रा) वर्ग के फाइनल में वेल्श के मुक्केबाज जेम्स नाथन प्रोबर्ट को 4-1 से हराया।
लड़कियों में पदक जीतने के मामले में जोनी एकमात्र भारतीय रही। उन्होंने लाइटवेट (60 किग्रा) वर्ग में सिल्वर मेडल जीता। जोनी को ऑस्ट्रेलिया की एला जाड बूट से नजदीकी मुकाबले में 2-3 से शिकस्त झेलना पड़ी।
बता दें कि कॉमनवेल्थ यूथ गेम्स की शुरुआत साल 2000 से हुई थी। साल 2017 का एडिशन कॉमनवेल्थ यूथ गेम्स का छठां संस्करण था। ये 19 से 23 जुलाई तक चला। 2017 कॉमनवेल्थ यूथ गेम्स में 64 देशों के एथलीटों ने हिस्सा लिया था। भारत की तरफ से 103 एथलीटों ने अलग-अलग स्पर्धाओं में भाग लिया था।