संसद की एक समिति ने गुरुवार को सिफारिश की कि कोविड-19 टीकाकरण प्रक्रिया में 2021 टोक्यो ओलंपिक के लिए जा रहे खिलाड़ियों, कोचों और सहयोगी स्टाफ को प्राथमिकता ग्रुप में रखा जाए। समिति ने कोचों के लिए बड़ी संख्या में रिक्त पदों पर भी चिंता व्यक्त की और कहा कि इन्हें समय पर भरना चाहिए ताकि ओलंपिक की तैयारियों पर कोई असर नहीं पड़े।
संसदीय समिति ने यह भी सिफारिश की कि ओलंपिक के लिए क्वालीफाई कर चुके खिलाड़ियों के लिए प्रशिक्षण की सुविधाएं, स्टेडियम और खेल केंद्रों का भी पता किया जाए जिन्हें अभी तक नहीं खोला गया है। इसके अनुसार तैयारियों के लिए बंद केंद्रों को भी जल्द से जल्द दोबारा खोला जाना चाहिए या फिर खिलाड़ियों को उन वैकल्पिक केंद्रों में पहुंचाया जाए जो खुल चुके हैं।
शिक्षा, महिला, बच्चे, युवा और खेलों पर विनय पी सहस्रबुद्धे की अध्यक्षता वाली विभाग संबंधित संसदीय स्थायी समिति ने ‘ओलंपिक 2021 के लिए तैयारी’ पर अपनी रिपोर्ट राज्यसभा चेयरपर्सन एम वेंकेया नायडू को सौंपी। रिपोर्ट के अनुसार, चयनित भारतीय खेल प्राधिकरण और अन्य ट्रेनिंग केंद्रों में मेडिकल स्टाफ और अन्य चिकित्सीय उपकरण उपलब्ध कराए जाएं।
इसके अनुसार, 'इससे सुनिश्चित होगा कि खिलाड़ियों का उपचार और उबरने की प्रक्रिया में समय बर्बाद न हो। वे अस्पताल जाने से भी बचेंगे जहां संक्रमण का खतरा सबसे ज्यादा है।' टोक्यो ओलंपिक पहले इसी साल होने थे लेकिन कोरोना वायरस वैश्विक महामारी के कारण इन्हें एक साल के लिए स्थगित कर दिया गया था। अब इनका आयोजन अगले साल जुलाई में होगा।