सोशल मीडिया पर आजकल 'मी टू' नामक कैंपेन चल रहा है। इसमें दुनिया भर की महिलाएं अपने साथ यौन उत्पीड़न की घटनाओं का खुलासा कर रही हैं। इसी के तहत ओलंपिक गोल्ड मेडलिस्ट मेकएला मैरोनी ने भी अपने इस दर्द को सोशल मीडिया में शेयर किया है। मैरोनी ने लंदन ओलंपिक में गोल्ड मेडल जीता था। मैरोनी ने कहा कि उनका 13 साल की उम्र से यौन शोषण किया जाने लगा।
मी टू कैंपेन के जरिए उन्होंने कहा कि उनका उत्पीड़न अमेरिकी वूमैन जिम्नास्टिक टीम के डॉक्टर लैरी नस्सार ने किया। नस्सार उनसे कहते थे कि वे जरूरी 'ट्रीटमेंट' कर रहे हैं। मैरोनी ने कहा कि उन्होंने 7 साल इस दर्द को झेला। नस्सार पिछले 30 सालों से कई लड़कियों के साथ ऐसा कर चुके हैं। मैरोनी ने पिछले साल स्वास्थ्य वजह से खेलकूद छोड़ दिया था। उन्होंने कहा कि नस्सार जब भी मुझसे मिलते तो 'ट्रीटमेंट' करने लगते थे। लंदन ओलंपिक के दौरान भी उन्होंने ऐसा किया।