एनआईएस बंगलूरू के एक कर्मी की कोरोना वायरस के चलते मृत्यु हो गई। यह कर्मी यहां की मेस में कार्यरत था। कर्मी की मौत के बाद संस्थान में हड़कंप मच गया। इसका कारण यहां पुरुष और महिला हॉकी टीम के अलावा एथलेटिक्स का कैंप लगा होना है। साथ ही यहां कई विदेशी कोच रह रहे हैं। कर्मी के संपर्क में आए चार सदस्यों को एकांतवास में भेज दिया गया है। साथ ही संस्थान में किसी के भी आने-जाने पर सख्त पाबंदी लगा दी गई है।
साई से मिली जानकारी के मुताबिक 55 वर्षीय हनुमंत रायप्पा एनआईएस बंगलूरू की मेस में खिलाड़ियों को खाना बनाकर देने वाली टीम में थे, लेकिन जो लोग बाहर रह रहे हैं। उन्हें अंदर आने की इजाजत नहीं थी। सूत्र बताते हैं कि हनुमंत रायप्पा 15 मई को कुछ देर के लिए अंदर आए। जहां वह चार लोगों से मिले। इन्हीं चार लोगों को एकांतवास में भेजा गया है।
सूत्रों के मुताबिक हनुमंत अस्पताल में किसी को देखने के लिए गए थे। जहां वह गिर पड़े। लोगों ने समझा उन्हें दिल का दौरा पड़ा है, लेकिन अस्पताल की ओर से कराए गए टेस्ट में उन्हें कोरोना निकला। इसके बाद ही उनके घर को सील कर इसकी सूचना संस्थान को दे दी गई। हालांकि यह दावा किया जा रहा है कि हॉकी टीम के खिलाड़ियों के अलावा एथलीटों का संपर्क मेस कर्मी से नहीं हुआ और न ही उनके हाथ का बना खाना खिलाया गया।