एथलीटों की बायोमेट्रिक अनिवार्य करने के बावजूद आयु को लेकर की जाने वाली धोखाधड़ी अपने चरम पर पहुंच गई है। गुंटूर में समाप्त हुई राष्ट्रीय जूनियर एथलेटिक चैंपियनशिप में रिकार्ड 127 एथलीट ओवर एज पाए गए हैं। 96 एथलीट सर्टीफिकेट की जांच के आधार पर मीट में भाग लेने से रोक दिए गए जबकि भाग लेने वाले 31 एथलीट मेडिकल टेस्ट में अपनी दिखाई गई उम्र से कहीं अधिक पाए गए हैं। इनमें इस मीट में राष्ट्रीय कीर्तिमान रचने वाले और गोल्ड मेडलिस्ट विजेता एथलीट भी शामिल हैं। खास बात यह है कि आयु की धोखाधड़ी करने वाले एथलीटों में यूपी और हरियाणा के एथलीट टॉप पर हैं। यूपी के 23, हरियाणा के 22 और राजस्थान के 21 एथलीट ओवर एज पाए गए हैं।