पांच बार की वर्ल्ड चैंपियन एमसी मैरी कॉम (48 भारवर्ग) ने गुरुवार को 69वीं स्ट्रेंटजा मेमोरियल बॉक्सिंग टूर्नामेंट के सेमीफाइनल में प्रवेश कर लिया। स्टार मुक्केबाज लगातार तीसरी अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिता में अपना पदक पक्का कर लिया है। पैंतीस वर्षीय मुक्केबाज ने इससे पहले एशियन चैंपियनशिप और इंडिया ओपन में भी पदक जीते थे।
क्वार्टर फाइनल मुकाबले में मैरी कॉम ने रोमानिया की स्टेलुटा डुटा को पराजित किया। मैरीकॉम ने अपने तेजतर्रार आक्रमण से प्रतिद्वंद्वी को शुरुआत में ही दबाव में ला दिया था। स्टेलुटा तीन बार विश्व चैंपियनशिप में रजत पदक जीत चुकी हैं। इसके अलावा वह चार बार यूरोपियन चैंपियनशिप की स्वर्ण पदक विजेता हैं। दिलचस्प तो यह है कि स्टेलुटा ने जब भी (2006, 2008, 2010) विश्व चैंपियनशिप के फाइनल में प्रवेश किया है हर बार उन्हें भारतीय मुक्केबाज मैरीकॉम ने ही मात दी है।
दोनों मुक्केबाज लंबे समय बाद एक बार फिर आमने-सामने थीं। दोनों मुक्केबाज ने पहले राउंड में एक-दूसरे पर पंच जड़े लेकिन मैरीकॉम का रक्षण बेहतर था। उन्होंने रोमानियाई मुक्केबाज के सही पंच नहीं लगने दिए। कड़े मुकाबले के बाद दोनों मुक्केबाजों ने खेल भावना का अच्छा परिचय देते हुए एक-दूसरे को गले लगाया। पुरुष वर्ग में धीरज रांगी (64 भारवर्ग) को पहले ही दौर में लुइस कोलिन रिकार्नो से हार का सामना करना पड़ा।
अब तक पांच पदक हुए तय
भारतीय महिला मुक्केबाजों ने मैरीकॉम के सेमीफाइनल प्रवेश से पहले ही चार पदक तय कर लिए हैं। सीमा पूनिया (81+), स्वीटी बूरा (75), मीना कुमारी देवी (54) और भाग्यवती (81) अपने-अपने भारवर्ग के अंतिम चार में हैं। जहां विश्व चैंपियनशिप की रजत पदक विजेता स्वीटी और मीना ने क्वार्टर फाइनल में जीत हासिल की वहीं सीमा और भाग्यवती को सीधे बाई मिला है।