भारतीय पुरुष रिकर्व तीरंदाजी टीम के हाथों एक बार फिर विश्व चैंपियनशिप में सोना फिसल गया। चौदह साल बाद तीरंदाजी विश्व चैंपियनशिप के फाइनल में पहुंची भारतीय टीम को चीन के हाथों 2-6 से हारकर रजत पदक से ही संतोष करना पड़ा।
तरुणदीप राय, अतानु दास और प्रवीन जाधव की तिकड़ी मध्यांतर तक 27-26 की बढ़त बनाए हुए थी लेकिन दबाव में बिखर गई कर दूसरे स्थान पर रही। इससे पहले भारतीय टीम 2005 में मैड्रिड में भी फाइनल में पहुंची थी जहां उसे कोरिया से 232-244 से हार मिली थी। उस टीम में भी राय थे।
भारत ने चैंपियनशिप में एक रजत और दो कांस्य सहित कुल तीन पदक जीते। पहले सेट में स्कोर 53-53 से बराबर रहा, जबकि डिंग, वेई, फेंग की चीनी तिकड़ी ने दूसरा सेट 58-51 से जीत लिया। तीसरा सेट 56-56 से बराबर रहा, जबकि चौथा सेट चीन ने 57-52 से जीतकर 6-2 से मैच के साथ स्वर्ण भी जीत लिया।
इससे पहले कोरिया ने मेजबान हॉलैंड को 5-3 से हराकर कांस्य पदक जीता। टीम क्वार्टर फाइनल में पहुंचने के साथ ही टोक्यो ओलंपिक का टिकट कटा चुकी है।