भारतीय पुरुष और महिला टेबल टेनिस टीमों को ओलंपिक क्वालिफायर के प्री-क्वार्टर फाइनल में क्रमश: स्लोवेनिया और रोमानिया से हार का सामना करना पड़ा। इससे भारतीय टीम के दोनों वर्गों का टोक्यो ओलंपिक के लिए क्वालिफाई करना मुश्किल हो गया है। सत्रहवीं वरीयता प्राप्त महिला टीम ने रोमानिया को कड़ी चुनौती दी लेकिन उन्हें 2-3 से हार मिली। पांचवीं वरीयता प्राप्त पुरुष टीम को 11वीं वरीयता प्राप्त स्लोवेनिया से 1-3 से शिकस्त मिली।
भारतीय पुरुष खिलाड़ियों ने युगल में जीत से शुरुआत की लेकिन जी साथियान और हरमीत देसाई की एकल में हार ने टीम को मुश्किल स्थिति में डाल दिया। टीम अगर क्वार्टर फाइनल में जीतती तो उसे ओलंपिक का टिकट मिल जाता लेकिन अब उसे क्वालिफाई करने के लिए प्लेट डिविजन में जीत दर्ज करनी होगी। प्लेट डिविजन में अंतिम 16 में हारने वाली सभी टीमें होंगी।
डारको जोरकिच ने जी साथियान को 11-9, 12-10, 11-3 और शरत कमल को 10-12, 11, 12-10, 11-8 से हराकर स्लोवेनिया को यादगार जीत दिलाई। महिला टीम ने हालांकि बेहतर संघर्ष किया मनिका बत्रा पहला मुकाबला 7-11, 12-10, 11-9, 11-7 से जीतने के बाद निर्णायक मुकाबले में हार गई। इस टीम ने हालांकि अंतिम 32 में स्वीडन जैसी मजबूत टीम को शिकस्त दी थी।