शिव के मुकाबले को देखने के लिए स्कूली बच्चों के अलावा उनके पिता पदम थापा सहित परिवार के अन्य सदस्य भी मौजूद थे। अंकित और मनीष कौशिक भी अपने अपने प्रतिद्वंद्वियों के खिलाफ 5-0 की जीत के साथ 60 किग्रा में आगे बढ़ने में सफल रहे। इस तरह सेमीफाइनल में तीन भारतीयों ने जगह बनाई।
दूसरी तरफ 52 किग्रा वर्ग में सेमीफाइनल में चारों भारतीय मुक्केबाजों ने जगह बनाई। पंघाल के अलावा राष्ट्रीय चैंपियन पीएस प्रसाद, पूर्व विश्व युवा चैंपियन सचिन सिवाच और राष्ट्रमंडल खेलों के गत चैंपियन गौरव सोलंकी अंतिम चार में पहुंचे।
पंघाल ने थाईलैंड के चकापोंग चानपिरोम के खिलाफ 5-0 की आसान जीत दर्ज की। पंघाल ने मुकाबले के बाद कहा, 'उसे परखने और उसकी खेल की शैली को समझने में मुझे कुछ समय लगा लेकिन मुझे खुशी है कि इसका फायदा हुआ। '
पंघाल सेमीफाइनल में राष्ट्रीय चैंपियन प्रसाद से भिड़ेंगे जबकि एक अन्य सेमीफाइनल में सिवाच का सामना सोलंकी से होगा। सिवाच ने विश्व चैंपियनशिप के कांस्य पदक विजेता फिलीपीन्स के रोगन लेडन को 4-1 हराया। दूसरी तरफ सोलंकी को मारिशस के लुई फ्लुरोट के खिलाफ 5-0 की जीत के दौरान अधिक पसीना नहीं बहाना पड़ा।