चित्रा ने भुवनेश्वर में 2017 चरण में 4:17.92 सेकेंड के समय से स्वर्ण पदक जीता था। वहीं पुरूष वर्ग में सरोज ने तीन मिनट 43.18 सेकेंड से रजत पदक हासिल किया। बहरीन के अब्राहम किपचिरचिर रोटिच तीन मिनट 42.85 सेकेंड से पहले स्थान पर रहे। प्राची, पूवम्मा, सिरिताबेन गायकवाड़ और वीके विसमया की भारत की चार गुणा 400 मीटर महिला रिले टीम तीन मिनट 32.21 सेकेंड के साथ बहरीन (तीन मिनट 32.10 सेकेंड) की टीम के पीछे दूसरे स्थान पर रही।
कुन्हु मोहम्म्द, केएस जीवन, मोहम्मद अनस और आरोकिया राजीव की पुरुष चार गुणा 400 मीटर रिले टीम भी तीन मिनट 3 . 28 सेकेंड के साथ स्वर्ण पदक की दौड़ में जापान (तीन मिनट 2 . 94 सेकेंड) से पिछड़ गई। मंगलवार को 100 मीटर फाइनल में निराशाजनक पांचवें स्थान पर रही दुती ने महिला की 200 मीटर में 23.24 सेकेंड के समय से कांस्य पदक प्राप्त किया। हालांकि 23 वर्षीय दुती अब भी विश्व चैम्पियनशिप के क्वालीफाइंग मानक से चूक गई जो 23.02 है। उनका व्यक्तिगत सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन 23.00 है।
दुती ने कहा, 'मैं बहुत खुश हूं। मैं 100 मीटर और रिले में पदक से चूक गयी थी। मैंने 100 मीटर में काफी प्रयास किया, लेकिन 200 मीटर में पदक सुनिश्चित नहीं था। मैंने अपना सर्वश्रेष्ठ किया।' महिलाओं की चक्का फेंक में नवजीत कौर (57.47 मी) और कमलप्रीत कौर (55.59 मी) निराशाजनक प्रदर्शन से क्रमश: चौथे और पांचवें स्थान पर रहीं।