अब सुन को टोक्यो ओलंपिक में 200 मीटर फ्रीस्टाइल खिताब का बचाव करने की अनुमति नहीं मिल पाएगी। सुन ने प्रतिबंध के खिलाफ अपील करने का फैसला किया है। वह इस फैसले के खिलाफ स्विस फेडरल कोर्ट में अपील कर सकते हैं। उन्होंने कहा कि वह अनुचित है, मेरा मानना है कि मैं बेकसूर हूं। मैं अपील करूंगा ताकि सच लोगों तक पहुंच पाए।
2012: लंदन ओलंपिक में जीते थे 400 और 1500 मीटर फ्री स्टाइल के स्वर्ण
2016: रियो ओलंपिक में 200 मीटर फ्री स्टाइल में रहे थे चैंपियन
23: गोल्ड मेडल जीते हैं ओलंपिक, विश्व चैंपियनशिप और एशियाई खेलों में मिलाकर
पिछले साल दक्षिण कोरिया में विश्व चैंपियनशिप के दौरान ब्रिटेन के एडम पिएटी ने पोडियम पर सून से हाथ मिलाने से इनकार कर दिया था। ऑस्ट्रेलियाई तैराक मैक होर्टन ने भी उनसे 400 मीटर फ्री स्टाइल में हार के बाद पोडियम साझा करने या हाथ मिलाने से मना कर दिया था।
- सून ने शंघाई में 2011 में 19 साल की उम्र में ग्रांट हैकेट का 1500 मीटर का विश्व रिकॉर्ड तोड़ा था। साथ ही 800 मीटर में भी चैंपियन बने थे
- लंदन ओलंपिक में दो गोल्ड जीते, 1500 मीटर में उनका रिकॉर्ड अभी तक कायम है
- 2013 में उनका कोच झू जिगेन से विवाद के बाद 10 साल का साथ छूट गया। मामला एयरहोस्टेस से रोमांस का बताया जाता है
- 2013 में अपने महंगी कार चलाते समय अपने गृहनगर हैंगझोऊ में बस में टक्कर मार दी। सात दिन पुलिस हिरासत में बिताए थे
- 2014 एशियाई खेल इंच्योन में फिर विवादों में घिरे जब कासुके हैगिनो से 200 मीटर फ्री स्टाइल में हारने के बाद जापान के राष्ट्रगान को लेकर टिप्पणी की
- 2014 में एक प्रतिबंधित दवा सेवन मामले में तीन महीने का निलंबन हुआ था, हालांकि उनका कहना है कि उन्हाेंने ह्रदय के लिए दवा ली थी