नेशनल स्पोट्र्स कोड का जिन्न बोतल से एक बार फिर बाहर आने वाला है। खेल मंत्री किरन रिजीजू की 11 अक्टूबर को भारतीय ओलंपिक संघ (आईओए) और 53 राष्ट्रीय खेल संघों के साथ होने वाली बैठक का एक मुद्दा स्पोट्र्स कोड भी है।
आयु और कार्यकाल को लेकर आईओए विरोध के बावजूद चुप ही रहा है। इस बार आईओए और खेल संघ इसके खिलाफ खुलकर आवाज उठाने जा रहे हैं। खेल मंत्री के समक्ष सेक्रेटरी जनरल और अध्यक्ष के चार-चार कार्यकाल करने के अलावा अधिकतम आयु सीमा 75 वर्ष करने की मांग रखी जाएगी।
अभी स्पोट्र्स कोड में अधिकतम आयु सीमा 70 साल के अलावा दो सेक्रेटरी जनरल और तीन कार्यकाल अध्यक्ष के रखे गए हैं। आईओए के सेक्रेटरी जनरल राजीव मेहता अमर उजाला से खुलासा करते हैं कि सभी खेल संघ इन दोनों ही मुद्दों को लेकर विरोध में हैं। खेल मंत्री के साथ होने वाली बैठक को लेकर उनकी ओर से खेल संघों से बात की गई है। सभी ने इन दोनों मुद्दों को उठाने की बात कही है। मेहता का कहना है कि स्पोट्र्स कोड में कार्यकाल को लेकर रखे गए प्रावधान ठीक नहीं हैं।
अगर कोई पदाधिकारी 40 की उम्र में ही खेल संघ का कार्यभार संभालता है तो वह 48 से 52 साल की उम्र में ही रिटायर हो जाएगा। मेहता ने एनआरएआई के अध्यक्ष रणइंदर सिंह और कुश्ती संघ के अध्यक्ष बृजभूषण शरण सिंह का हवाला देते हुए कहा कि दोनों ही अच्छा काम कर रहे हैं, लेकिन दोनों का बतौर अध्यक्ष तीसरा कार्यकाल है।
कोड के अनुसार दोनों को अगले कार्यकाल में हटना है। उनका कहना है कि जब इन दोनों शूटिंग और कुश्ती में देश को कई ओलंपिक पदक दिलाए हैं तो इन्हें समय से पहले क्यों हटना चाहिए। वह और खेल संघ इन्हीं मुद्दों को खेल मंत्री के समक्ष रखते हुए अध्यक्ष और सेक्रेटरी जनरल के चार-चार कार्यकाल और आयु सीमी 75 वर्ष करने की मांग रखेंगे।